Monday, March 25, 2019

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अनिल तंवर

विगत 45 वर्षों से आदिवासी अंचल के रीति रिवाज, जीवनशैली , त्योहार , मान्यताओं , लोककला का सजीव

छायांकन में रत .स्थानीय भीली बोली और क्षेत्र की भौगोलिक स्थिति की पूर्ण जानकारी तथा अंचल के रहवासियों

से जीवंत सम्पर्क.

देश विदेश की विभिन्न फोटोग्राफी प्रतियोगिताओं से अवार्ड और सम्मान प्राप्त

क्षेत्र के आदिवासियों की सभी गतिविधियों से सम्बन्धित स्वंय लिए गए लगभग 3 लाख छायाचित्रों का विशाल

संग्रहण

विभिन्न पत्र, पत्रिकाओं में आदिवासियों की ज्वलंत समस्याओं पर 250 से अधिक लेखों के प्रकाशन से उनकी

अनेक समस्या का निराकरण

क्षेत्र में पर्यावरण जागरूकता के विस्तार में सहभागी और आदिवासियों को लगभग 1000 पौधों का नि:शुल्क वितरण

भगोरिया एक उत्सव है जो होली का ही एक रूप है।

भगोरिया एक उत्सव है जो होली का ही एक रूप है।

भगोरिया एक उत्सव है जो होली का ही एक रूप है। यह मध्य प्रदेश के मालवा अंचल (धार, झाबुआ, खरगोन आदि) के आदिवासी इलाकों में बेहद धूमधाम से मनाया जाता है। भगोरिया केसमय धार, झाबुआ, खरगोन आदि क्षेत्रों...