Wednesday, July 24, 2019

साहित्य

कदम मिलाकर चलना होगा

कदम मिलाकर चलना होगा

मीडियावाला.इन। 1-कदम मिलाकर चलना होगा. उजियारे में, अंधकार में, कल कहार में, बीच धार में, घोर घृणा में, पूत प्यार में, क्षणिक जीत में, दीर्घ हार में, जीवन के शत-शत आकर्षक, अरमानों को...

मन मोहने का मूल्य

मन मोहने का मूल्य

भारतीय दण्ड संहिता की धारा 376 के अन्तर्गत बलात्कार के जुर्म में भजनलाल को दस साल कैद की सजा। दस हजार की आबादी वाला बदेरा मौके-मौके पर स्तब्ध होता रहा है। कचहरी के इस फैसले पर...

विख्यात आलोचक और साहित्यकार नामवर सिंह की तीन कविताएं

विख्यात आलोचक और साहित्यकार नामवर सिंह की तीन कविताएं

मीडियावाला.इन।हिंदी के विख्यात आलोचक और साहित्यकार नामवर सिंह का निधन हो गया है.उनका जाना साहित्य जगत से पितृ पुरुष के जाने जैसा ही ही . नामवर सिंह पिछले कुछ दिनों से अस्वस्थ चल रहे थे और दिल्ली के एम्स अस्पताल...

एक अखबार में विज्ञापन देखा

एक अखबार में विज्ञापन देखा

मीडियावाला.इन।  “लिखा है, विदाई के वक़्त कैसे रोये, 7 दिन का क्रेश कोर्स….हरी अप”। ये क्या? मैंने दोबारा आँखें  चौड़ी करके देखा ,फिर वही दिखा। आगे देखा तो लिखा था  विदाई के समय दुल्हन की सहेलियों और...

हिंदी के मशहूर साहित्यकार, समालोचक नामवर सिंह का निधन

हिंदी के मशहूर साहित्यकार, समालोचक नामवर सिंह का निधन

मीडियावाला.इन। नई दिल्ली। हिंदी के जाने माने मशहूर साहित्यकार डॉक्टर नामवर सिंह का निधन हो गया है। मंगलवार की रात 11.50 बजे दिल्ली के अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान में नामवर सिंह ने अंतिम सांस ली पिछले कुछ दिनों से...

जूठी औरत 

जूठी औरत 

मीडियावाला.इन।  इवनिंग वाक से लौट कर अभी गेट खोल ही रही थी कि फोन की घंटी बजने लगी |स्क्रीन पर अनजान नंबर चमक रहा था सोचा अभी चेंज कर के ही फोन रिसीव करुँगी |नंबर सेव नहीं था...

जूठी औरत

जूठी औरत

मीडियावाला.इन। इवनिंग वाक से लौट कर अभी गेट खोल ही रही थी कि फोन की घंटी बजने लगी |स्क्रीन पर अनजान नंबर चमक रहा था सोचा अभी चेंज कर के ही फोन रिसीव करुँगी |नंबर सेव नहीं था तो लगा...

गासिपिंग के नए अड्डे

गासिपिंग के नए अड्डे

मीडियावाला.इन। गासिपिंग हमारे भारतीय समाज का एक अतिमहत्वपूर्ण अंग है। इसके बिना समझो हमारी दुनिया,सभ्यता और संस्कृति सूनी है। हमारे यहाँ ये परंपरा आदि काल से प्रचलित है। जहां तक ज्ञात है नारद मुनि इसके जनक माने...

भाई के घर ब्याव और मेजबान--  कुतरु और मिठ्ठु---

भाई के घर ब्याव और मेजबान-- कुतरु और मिठ्ठु---

मीडियावाला.इन। हमारे भाई ने पाले है—एक कुतरु एक मिठ्ठु। कुतरु का नाम—शैगी मिठ्ठु हमारा –राजा।   लगभग साथ साथ लाये गये दोनों। अब दोनों में दोस्ती है। जब भाई के घर जाओ--- मिठ्ठु चिल्लाकर बुआ आई खुशीयां लाई खुशियां...

जमा-मनफ़ी

जमा-मनफ़ी

मीडियावाला.इन।जमा-मनफ़ी पपा के दफ़्तर पहुँचते-पहुँचते मुझे चार बज जाते हैं| वे अपने ड्राइंगरूम एरिया के कम्प्यूटर पर बैठे हैं| अपनी निजी सेक्रेटरी, रम्भा के साथ| दोनों खिलखिला रहे हैं| “रम्भा से आज कुछ भी ठग लो,” मुझे देखते ही पपा...

उन्होंने कहा"जीवित मिट्टी वह होती है जिसका हम बार-बार उपयोग कर सकें :शशिकांत मुंडी को श्रद्धांजलि

उन्होंने कहा"जीवित मिट्टी वह होती है जिसका हम बार-बार उपयोग कर सकें :शशिकांत मुंडी को श्रद्धांजलि

मीडियावाला.इन।टालस्टॉय का कला के लिए कहा गया यह कथन महत्वपूर्ण है ‘रंग, ध्वनी, शब्द, कार्य आदि के द्वारा भावों की वह अभिव्यक्ति जो श्रोता, दर्शक आैर पाठक के मन में वही भाव उत्पन्न कर दे कला है।’मेरे  घर के ड्राइंग...

स्त्री-1

स्त्री-1

मीडियावाला.इन। स्त्री-1 ***** टूटती जुड़ती स्त्री के बीच बसी दुनियाँ में किसी ने  हँसते हुए कहा स्त्री सिर्फ आंसू है जबकि वो हँसी ले आया था  अपने बाहों में प्रेम की किस्सों से आवाज आयी स्त्री लालची है...

सेक्स की भूखी एक महारानी की ऐसी कहानी जो आपके होश उड़ा देगी

सेक्स की भूखी एक महारानी की ऐसी कहानी जो आपके होश उड़ा देगी

मीडियावाला.इन।  इतिहास की किताबों में राजा-रानियों को लेकर तरह-तरह के किस्से कहानियां पढ़ने को मिलती हैं लेकिन रूस की महारानी कैथरीन दि ग्रेट ‌द्वितीय के अजीबोगरीब यौन व्यवहार को लेकर बहुत सारी चौंकाने वाली कहानियां हैं।

बैतूल और बैतूल के कस्बे

बैतूल और बैतूल के कस्बे

मीडियावाला.इन। बैतूल नहीं बे-तूल की बातें  अनुभूति उजले दिन सी संवेदना  काली रातें  गुज़रती ज़िंदगी आदिवासियों की  एकमात्र बस्तर को छोड़  मध्यप्रदेश का सबसे पिछड़ा आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र  भोपाल-नागपुर 60 हाईवे पर ...

नौका को सब पता होता है

नौका को सब पता होता है

मीडियावाला.इन।   बांग्ला/हिन्दी भांगा भांगा आकाशे  काॅतो गोभीर जाॅल लुकीये आछे बूके एक बैथा  काॅतो भीजे भार निये आछे शोब जाना थाके नौऊकार काॅतो वृष्टि, पृथ्वी ते सुखनों आछे भेंगे पाॅड़े जोखोन/ एकटी तारा काॅतो...

मुआवजा

मुआवजा

मीडियावाला.इन।  ‘’इकबाल मंज़िल’’नाम था उस पुरानी ईमारत का जिस तक भोपाल शहर के इस एतिहासिक इलाके की तंग गलियों में से होते हुए पहुंचना होता था ,और जो बाहर से देखो तो दो मंजिला एक पुरानी...

ईसा के घर इनसान

ईसा के घर इनसान

मीडियावाला.इन। फाटक के ठीक सामने जेल था। बरामदे में लेटी मिसेज़ शुक्ला की शून्य नज़रे जेल की ऊँची-ऊँची दीवारों पर टिकी थीं। मैंने हाथ की किताबें कुर्सी पर पटकते हुए कहा- ‘‘कहिए, कैसी तबीयत रही आज ?’’ एक धीमी-सी मुस्कराहट...

कहीं बनेंगे पराए रिश्तें भी अपने

कहीं बनेंगे पराए रिश्तें भी अपने

मीडियावाला.इन।जब तक चलेगी जिंदगी की सांसे, कहीं प्यार कहीं टकराव मिलेगा । कहीं बनेंगे संबंध अंतर्मन से तो, कहीं आत्मीयता का अभाव मिलेगा कहीं मिलेगी जिंदगी में प्रशंसा तो, कहीं नाराजगियों का बहाव मिलेगा कहीं मिलेगी सच्चे मन से...

मराठी साहित्य सम्मेलन है:कुछ प्रश्न ?

मराठी साहित्य सम्मेलन है:कुछ प्रश्न ?

मीडियावाला.इन। "यवतमाल में हो रहे अखिल भारतीय मराठी साहित्य सम्मेलन ने प्रसिद्ध अंग्रेजी लेखिका नयनतारा सहगल को उद्घाटन के लिए आमंत्रित किया था। उन्होंने आने की स्वीकृति भी दे दी थी, पर कुछ संगठनों की धमकी के कारण अखिल भारतीय...