
No Road No Toll: NH 719 टोल प्लाजा पर संत समाज का उग्र आंदोलन
भिण्ड से परानिधेश भारद्वाज की रिपोर्ट
ग्वालियर-भिंड-इटावा के बीच स्थित एनएच-719 पर लगातार हो रहे हादसों के बाद इसके चौड़ीकरण की मांग को लेकर 16 मार्च से संतों के नो रोड नो टोल आंदोलन उस समय उग्र हो गया जब कुछ लोगों ने टोल प्लाजा पर तोड़फोड़ कर दी और टोल मैनेजर को भी धमकी दी कि मौत के हाईवे पर टोल की वसूली बंद हो। इस दौरान गुस्साए लोगों ने टोल बूथ को नुकसान पहुंचाया।
दरअसल मध्यप्रदेश में ग्वालियर से भिण्ड होते हुए उत्तरप्रदेश के इटावा को जोड़ने वाले एनएच-719 पर सड़क हादसों में हो रही बेतहाशा मौतों के चलते इसके सिक्स अथवा फोर लेन करने की मांग को लेकर संत समाज के नेतृत्व में बरेठा टोल प्लाजा पर अनिश्चितकालीन टोल फ्री आंदोलन सोमवार से शुरू किया गया। इस दौरान संतों ने कहा कि जब तक यह हाईवे सिक्स अथवा फोर लेन नहीं बन जाता तब तक इस पर टोल की वसूली बंद हो।
सोमवार को बड़ी संख्या में संत एवं समाजसेवियों के साथ ही राजनीतिक पार्टियों के लोग भी सड़क की मांग के समर्थन में टोल प्लाजा पर एकत्रित हुए और टैंट लगाकर धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान एक संत दूधी बाबा ने सड़क पर ही धूनी रमाकर उसके बीच मे बैठकर सरकार की सद्बुद्धि के लिए पूजा की।
इस दौरान जैसे ही प्रदर्शनकारियों को पता चला कि टोल प्लाजा से गुजरने वाले वाहनों से ऑनलाइन माध्यम से टोल की राशि काटी जा रही है तो प्रदर्शनकारी उग्र हो गए और कहा कि जब टोल फ्री आंदोलन चल रहा है और टोल से वाहनों को रोका नहीं जा रहा है, तब भी टोल प्रबंधन चोरी-छिपे ऑनलाइन टोल वसूली कर रहा है। इसी बात को लेकर प्रदर्शनकारियों ने टोल प्लाजा पर विरोध जताते हुए हंगामा शुरू कर दिया। देखते ही देखते स्थिति तनावपूर्ण हो गई और कुछ लोगों ने टोल बूथ पर तोड़फोड़ कर दी। इस दौरान टोल प्लाजा पर लगे कुछ सीसीटीवी कैमरे भी तोड़ दिए गए। हालांकि मौके पर भारी पुलिस बल मौजूद था लेकिन प्रदर्शनकारियों को नहीं रोक सके।
इस आंदोलन का नेतृत्व अखिल भारतीय संत समाज के जिला अध्यक्ष संत कालीदास महाराज कर रहे हैं। आंदोलन को पूर्व सैनिकों, समाजसेवियों, आमजन और विभिन्न राजनीतिक दलों का भी भरपूर समर्थन मिल रहा है। समर्थन देने के लिए कांग्रेस के पूर्व नेता प्रतिपक्ष डॉ गोविंद सिंह, पूर्व उप नेता प्रतिपक्ष हेमंत कटारे, गौहद विधायक केशव देसाई, बसपा के पूर्व विधायक संजीव सिंह कुशवाह, कांग्रेस प्रत्याशी रहे राहुल सिंह भदौरिया, भी बरेठा टोल प्लाजा पहुंचे और आंदोलनकारियों के साथ खड़े नजर आए।
वहीं मध्यप्रदेश विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर भी मौके पर पहुंचे और संत समाज से बातचीत कर आंदोलन समाप्त करने की कोशिश की। उन्होंने आंदोलनकारियों को आश्वासन दिया कि सड़क से जुड़ी समस्याओं को सरकार के स्तर पर उठाया जाएगा। हालांकि मीडिया के सवालों के जवाब में उन्होंने कहा कि वह सड़क से गुजर रहे थे और संतों को बैठा देखकर आशीर्वाद लेने के लिए रुक गए।





