Tuesday, February 25, 2020

कॉलम / नजरिया

येती-सेना और हमलोग

येती-सेना और हमलोग

मीडियावाला.इन। जब भी कुछ अजीबोगरीब घटित होता है तो उसका सामने आना जरूरी है...फिर वह बड़े से पांव का आकार हो जिसे येती के नाम से जाना जाता है या फिर उड़नतश्तरी। टैक्नालॉजी का युग है, आम व्यक्ति के हाथ...

वोटकटवा

वोटकटवा

मीडियावाला.इन। कहते हैं, सितारे गर्दिश में हो तो ऊंट पर बैठे आदमी को भी सांप काट लेता है। इस चुनाव में भी ऐसे ही चेहरे तलाशे जा रहे हैं, जो सत्ता के ऊंट पर बैठे लोगों के लिए सांप बन...

श्रीलंका में बुर्काबंदी

श्रीलंका में बुर्काबंदी

श्रीलंका की सरकार ने बुर्के पर पाबंदी लगा दी है। उसने अपने हुक्मनामे में बुर्का या नकाब शब्द का इस्तेमाल नहीं किया है लेकिन मुंह को ढकने या अपनी पहचान-छुपाने पर सख्त पाबंदी की घोषणा कर दी है,...

काशी नरेश और ग्वालियर 

काशी नरेश और ग्वालियर 

ग्वालियर और काशी का बड़ा पुराना रिश्ता है.काशी नरेश काशी से घबड़ाकर जब भी भागें ग्वालियर आ जाएँ ,उन्हें यहाँ शरण मिल जाएगी .ये सन्देश आज के काशीनरेश के लिए है .आज के काशी नरेश अजेय हैं ,उद्भट...

चुनावी मौसम की गर्मी और नेताओं की बेलगाम होती जुबान!

चुनावी मौसम की गर्मी और नेताओं की बेलगाम होती जुबान!

मीडियावाला.इन। इस बार के लोकसभा चुनाव को मध्यप्रदेश में नेताओं के बिगड़े बोल के लिए भी याद किया जाएगा! ये किसी एक पार्टी के नेताओं की बपौती नहीं रह गई, सभी को बदजुबानी की बीमारी लग गई है!...

अवाम को चुनाव प्रक्रिया पर पूरा विश्वास है!

अवाम को चुनाव प्रक्रिया पर पूरा विश्वास है!

भारत जैसे विशाल देश में आम चुनाव एक बड़ी चुनौती है, टी.एन. शेषन का शुक्रिया अदा करना चाहिए कि एक व्यक्ति ने अपने अदम्य साहस, इच्छाशक्ति से चुनाव प्रक्रिया को साफ सुथरा किया और प्रचार के भोंडे प्रदर्शन, पैसे के...

ये तो होना ही था 

ये तो होना ही था 

प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने पांच साल में कथित रूप से पूरी दुनिया में अपने नाम का डंका बजाया लेकिन वे देश में इतना विश्वास और सम्मान हासिल नहीं कर पाए की विपक्ष उन्हें निर्विरोध संसद में जाने...

अगर बेरोजगारी मुद्दा है तो यह राजनीतिक सभाओं में दिखता क्‍यों नहीं है?

अगर बेरोजगारी मुद्दा है तो यह राजनीतिक सभाओं में दिखता क्‍यों नहीं है?

मीडियावाला.इन। क्रिकेटर युवराजसिंह ने कैंसर का इलाज विदेश में करवाया। अभिनेता इरफान खान बीमार हुए तो विदेश गए। मनीषा कोईराला, सोनिया गांधी, केंद्रीय मंत्री अनंत कुमार और मनोहर पर्रिकर ने भी विदेश में इलाज करवाया। वित्‍तमंत्री अरुण जेटली ने भी...

अपनी मिट्टी से तिलक कीजिये पर उसकी तबियत भी तो देखिये

अपनी मिट्टी से तिलक कीजिये पर उसकी तबियत भी तो देखिये

रिवाज़ के तहत हर साल,हम अपने आसपास की हर चीज़ का एक दिन मनाते हैं.पानी से पेड़ और प्यार तक,या मां से मिट्टी तक,हरेक का साल में एक दिन होता है. अभी पिछले हफ्ते ही 'विश्व...

न्यायपालिका की अग्नि - परीक्षा

न्यायपालिका की अग्नि - परीक्षा

मीडियावाला.इन। हमारे सर्वोच्च न्यायालय की इज्जत दांव पर लग गई है। पहले तो प्रधान न्यायाधीश रंजन-गोगोई पर यौन-उत्पीड़न का आरोप लगा और अब एक वकील ने अपने हलफनामे में दावा किया है कि जस्टिस गोगोई को फंसाने के लिए...

सियासत को कहाँ ले जायेंगे हम ?

सियासत को कहाँ ले जायेंगे हम ?

मेरा ये आलेख पढ़कर आप गुस्से से लाल भभूका मत होइए,मुझे कोसिये मत,सराहिये भी मत लेकिन चिंतन जरूर कीजिये की हम और हमारे नेता आज की सियासत को आखिर कहाँ ले जा रहे हैं ?लोकतंत्र के सबसे बड़े...

क्योंकि मैं गैर राजनीतिक हूं

क्योंकि मैं गैर राजनीतिक हूं

मैं एक बात पहले ही बहुत साफ कर देना चाहता हूं कि मैं एक गैर राजनीतिक व्यक्ति हूं। सियासी बातों से मेरा कोई लेना-देना नहीं है। मैं यहां पर सिर्फ अपनी बात करने के लिए आया हूं। आप...

प्रकृति के करीब केरल का जटायु पर्वत

प्रकृति के करीब केरल का जटायु पर्वत

मीडियावाला.इन। केरल में एक नया पर्यटन स्थल विकसित हुआ है, जो विश्व में तीर्थ स्थल की जगह ले सकता है। यह है जटायु अर्थ्स सेंटर। हिन्दी में इसे जटायु पर्वत कहना ज्यादा सही लगता है। इस स्थान पर...

तेली का काम तमोली से क्यों ?

तेली का काम तमोली से क्यों ?

ये कहावत पुरानी होकर भी सदाबहार है.भारत के प्रश्नाकुल समाज के लिए तो ये रामबाण है.कोई भी ,कभी भी इसका इस्तेमाल कर सकता है.माननीय प्रधानमंत्री जी द्वारा अभिनेता अक्षय कुमार से साक्षात्कार के बाद ये सवाल मेरे मन...

जावेद हबीब का कमलत्व

जावेद हबीब का कमलत्व

भारत के हजामत विशेषज्ञ जावेद हबीब साहब अब हजामत के साथ राजीनीति की लगातार बिगड़ती  सूरत भी सवांरेंगे .सियासत के लिए जावेद साहब ने अपने डीएनए के विपरीत भाजपा को अपनाया है. हम देश की सियासत में उनका...

यह चुनाव दो विचारधारा का सत्ता संघर्ष है

यह चुनाव दो विचारधारा का सत्ता संघर्ष है

लोकसभा चुनाव किस दिशा में जा रहा है, अटकलें लगनी शुरू हो गई है। दो चरण के मतदान में अधिकांश स्थानों पर वही उत्साह है जो 2014 में था, बंगाल और उड़ीसा में उससे भी कुछ ज्यादा उत्साह...

भाजपा के लिए मुश्किल है मध्यप्रदेश की आदिवासी सीटें!  

भाजपा के लिए मुश्किल है मध्यप्रदेश की आदिवासी सीटें!  

अपनी सारी कोशिशों के बाद भी लोकसभा चुनाव में भाजपा आदिवासी क्षेत्रों में अपनी ताकतवर मौजूदगी दर्ज नहीं करा सकी! मध्यप्रदेश की 6 आदिवासी सीटों में से कहीं भी भाजपा का पलड़ा भारी नहीं लग रहा! पिछले चुनाव...

श्रीलंका में अपूर्व आतंक

श्रीलंका में अपूर्व आतंक

मीडियावाला. इन श्रीलंका के सिंहल और तमिल लोगों के बीच हुए घमासान युद्ध ने पहले सारी दुनिया का ध्यान खींचा था लेकिन इस बार उसके ईसाइयों और मुसलमानों के बीच बही खून की नदियों ने सारी...

धरती माता को बुखार, है कोई सुनने वाला

धरती माता को बुखार, है कोई सुनने वाला

इस साल धरतीमाता पिछले साल से ज्यादा तपीं। हरीतिमा से ढँके भोपाल का पारा 45 सेल्सियस तक झूल रहा है। आज से बीस-पच्चीस साल पहले अमरकंटक और पचमढ़ी में एसी की मशीनें नहीं थीं। इन देसी हिल स्टेशनों...

लोकसभा की उम्मीदवारी ने साधु धर्म छीन लिया

लोकसभा की उम्मीदवारी ने साधु धर्म छीन लिया

बेशक साध्वी प्रघ्या भारती के साथ जो कुछ हुआ वह अत्याचार की पराकाष्ठा हो सकती है, पर आतंकवादियों की गोली से शिकार हेमंत करकरे की शहीदी को अपने श्राप का परिणाम कहना साध्वी धर्म नहीं है। सन्यास का...