कॉलम / नजरिया

मोतीलाल दायमा हैं इंदौर के अर्नोल्ड श्वार्ज़नेगर

मोतीलाल दायमा हैं इंदौर के अर्नोल्ड श्वार्ज़नेगर

मीडियावाला.इन।   मध्यप्रदेश पुलिस के कांस्टेबल, हनुमान जी के भक्त और मिस्टर इंदौर रह चुके मोतीलाल दायमा एक बेहद लोकप्रिय शख्सियत हैं।  कुछ अख़बार उन्हें आयरनमैन भी लिखते हैं, पर वे हैं एकदम बेहद...

सवर्णों के 'भारत बंद' को  ‍किस खुली  कुंजी से नापे

सवर्णों के 'भारत बंद' को ‍किस खुली कुंजी से नापे

अगर ‍किसी बंद को उसमें होने वाली हिंसा, आगजनी तोड़फोड़ और जनधन हानि में ही मापा जाए तो सवर्णों के आव्हान पर 6 सिंतबर को आ‍योजित 'भारत बंद' शायद उतना 'सफल' नहीं कहलाएगा, जितना कि ऐसे पूर्ववर्ती बंद के...

हो कहीं भी, लेेकिन आग जलनी चाहिए

हो कहीं भी, लेेकिन आग जलनी चाहिए

मुर्दा जिस्म सिर्फ श्मशानों के काम आते हैं। जिंदा कौमें अपनी बारी का इंतजार नहीं करती। वह लडऩा जानती है। हार-जीत का सवाल तो कभी रहा ही नहीं।  सवाल अपनी बात रखने और उसके लिए जान लड़ा देने का...

बोहरा समाज का महाकुंभ इंदौर में मुझे याद आ रहा था 52वें धर्मगुरु के स्पर्श वाला रुमाल

बोहरा समाज का महाकुंभ इंदौर में मुझे याद आ रहा था 52वें धर्मगुरु के स्पर्श वाला रुमाल

इसे बोहरा समाज का महाकुंभ कहना ज्यादा बेहतर होगा। जिन सैयदना की एक आहट सुनने को समाज बैचेन रहे वो सैयदना करीब डेढ़ पखवाड़े के लिए उज्जैन होते हुए इंदौर आए हैं।देश ही नहीं विश्व में विभिन्न जगहों पर बसे...

जैन समाज के पर्युषण पर बोहरा समाज मांसाहार क्यों न करें?

जैन समाज के पर्युषण पर बोहरा समाज मांसाहार क्यों न करें?

इधर, बोहरा समाज के धर्मगुरु सैयदना आलीकदर मुफदल सैफुद्दीन साहब 6 सितंबर को इंदौर आ रहे हैं और उधर जैन समाज का सबसे बड़ा पर्व पर्युषण प्रारंभ हो रहा है। ऐसे में जैन समाज ने बोहरा समाज से अपील...

गुरूअों के सम्मान में घर-घर ताली बजवाने का यह कैसा ‘स्वस्ति वाचन’ ?

गुरूअों के सम्मान में घर-घर ताली बजवाने का यह कैसा ‘स्वस्ति वाचन’ ?

यह कटाक्ष है, कटु सत्य है या फिर मध्‍यप्रदेश की शिक्षा और उसके कर्ता-धर्ताअों का मानसिक स्तर कि राज्य में शिक्षा की उत्कृष्टता का पैमाना अब ताली बजाना है। प्रदेश के स्कूली शिक्षा मंत्री विजय शाह के दिल...

शिक्षक ही असली किताब, पूरी पाठशाला 

शिक्षक ही असली किताब, पूरी पाठशाला 

धार जिले में मांडू रोड पर बगड़ी चौराहे के विपरीत एक गांव है। नाम ठीक से याद नहीं, शायद आली रहा होगा। छोटा सा गांव है, उसमें एक प्राथमिक स्कूल है। कोई 12-13 वर्ष पहले मैं रिपोर्टिंग के...

आज शिक्षक दिवस है

आज शिक्षक दिवस है

मीडियावाला.इन। जो वैसे तो महान दार्शनिक और शिक्षा शास्त्री राधाकृष्णन का जन्मदिन है जो  भारत के दूसरे राष्ट्रपति थे पर जिन्होंने व्यक्ति पूजा के भावों से परे जा कर अपना जन्म दिन शिक्षक दिवस के रूप में मानाने...

प्रथम गुरु

प्रथम गुरु

अक्सर ऐसा कहा जाता है कि बालक की प्रथम गुरु उसकी माता होती है परंतु मैं इस बात से सहमत नहीं हूं। माता भी एक इंसान है और उसके अपने सुख-दुख हैं । कुछ चीजों से वह विचलित...

अंधे युग की आहट है नफरत की सियासत

अंधे युग की आहट है नफरत की सियासत

मीडियावाला.इन।  देश के लिए ये बहुत गहरे अंधरे की शुरुआत है, जिसका अंतिम छोर अनदेखा है। आजादी के बाद कभी इतने बड़े प्रतिमान दांव पर नहीं रहे। शहरी नक्सली जैसे शब्द की रोशनी में प्रधानमंत्री की हत्या की...

दलितों में ‘दलित’ कहलाने की छटपटाहट इसलिए है भाई !

दलितों में ‘दलित’ कहलाने की छटपटाहट इसलिए है भाई !

मीडियावाला.इन। दलित शब्द और दलित वोट लगता है मोदी सरकार के गले की हड्डी बनता जा रहा है। स्वयं मोदी और राज्यों में भाजपा की सरकारें जितना ज्यादा दलित प्रेम दिखा रही हैं, पांसे उतने ही उलटे पड़ते दिख...

सोशल मीडिया ही तय करेगा, इस बार चुनाव नतीजे

सोशल मीडिया ही तय करेगा, इस बार चुनाव नतीजे

सोशल मीडिया ने राजनीतिक पार्टियों और नेताओं की परंपरागत पहचान और लोकप्रियता को पूरी तरह बदल दिया। हैशटैग-वॉर राजनीति का नया अखाड़ा बन गया। नेताओं और लोगों के बीच संचार में सोशल मीडिया असरदार माध्यम बन गया! इससे...

सेना के अधिकारियों और सैनिकों की सर्वोच्च न्यायालय में याचिका : रक्षा मंत्रालय के लिए बड़ी चुनौती

सेना के अधिकारियों और सैनिकों की सर्वोच्च न्यायालय में याचिका : रक्षा मंत्रालय के लिए बड़ी चुनौती

सेना के लगभग 700 सेवारत अधिकारियों और सैनिकों ने सर्वोच्च न्यायालय में AFSPA के अंतर्गत दिए गए अधिकारों की रक्षा के लिए याचिका दी है. अपने आप में ये पहला ऐसा मौक़ा है जब कि इतनी बड़ी संख्या में...

स्त्री - फिल्म समीक्षा

स्त्री - फिल्म समीक्षा

आम तौर पर डरावनी फिल्में जिनमे भूत प्रेत मनोरंजन का विषय हों, मुझे देखना पसंद नहीं है, पर स्त्री मैंने दो कारणों से देखी। एक तो राजकुमार राव और दूसरा चन्देरी जो ना केवल अपनी रेशमी साड़ियों के लिए...

फेंकिए.. इस ओढी हुई गुलामी को

फेंकिए.. इस ओढी हुई गुलामी को

मीडियावाला.इन।  एक मित्र ने सवाल उठाया--जब फोर्ब्स और ट्रान्सपेरेसी इन्टरनेशनल आपको दुनियाभर में भ्रष्टतम बताती हैं तो आपको बुरा लगता है लेकिन ऐसी ही एजेन्सियां जब उपलब्धियों का बखान करती हैं तो आप न सिर्फ मुदित होते हैं...

परिवारों की नई चुनौतियों से निपट सकेगी बीएचयू ट्रेंड ‘आदर्श बहू’

परिवारों की नई चुनौतियों से निपट सकेगी बीएचयू ट्रेंड ‘आदर्श बहू’

मीडियावाला.इन। इसे वक्त की जरूरत कहें या बनारस हिंदू विश्वविद्यालय ( बीएचयू) की अभिनव पहल कि विवि के आईआईटी विभाग ने भारतीय परिवारों में लड़कियों को आदर्श बहू बनाने के उद्देश्य से तीन माह का कोर्स शुरू करने...

अदालत की फटकार पर जागी सरकार,ई-नशे पर लगाई रोक

अदालत की फटकार पर जागी सरकार,ई-नशे पर लगाई रोक

मीडियावाला.इन। सिगरेट सरीखी धूम्रपान की अत्याधुनिक तरीकों पर रोक लगाने के लिए अदालत ने फटकार लगाई तो केंन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने रोक लगाई। सवाल यह है कि देश भर में इस पर अमल हो और सख्त कार्रवााई भी...

अब तो जानलेवा हो गए ये लालसा,स्वार्थ और असंयम

अब तो जानलेवा हो गए ये लालसा,स्वार्थ और असंयम

मीडियावाला.इन। ज्ञात मानव इतिहास में,कुछ वाक्य तो ऐसे कहे या लिखे गए हैं कि वे कभी भी  संदर्भहीन नहीं होंगे.क़यामत तक ये एक समान अर्थवान और नित्य-नए सन्दर्भों में उपयुक्त ही बने रहेंगे.इन्हीं कई सर्वकालिक वाक्यों में से...

कृष्ण, मुक्ति संघर्ष के महानायक

कृष्ण, मुक्ति संघर्ष के महानायक

मीडियावाला.इन। सावन और भादौं तिथि-त्योहारों के महीने हैं। यह सिलसिला कातिक के डिहठोन(देवउठनी एकादशी) तक चलता है। इन्हीं महीनों में एक महान राष्ट्रीय पर्व पंद्रह अगस्त पड़ता है उसके आगे पीछे या कभी-कभी साथ में ही कृष्णजन्माष्टमी आती है।...