

डेड लाइन निकली, नहीं हुआ e-Office PHQ, अभी 15 दिन और लगेंगे
भोपाल: पुलिस मुख्यालय में ई-ऑफिस शुरू करने की अंतिम तिथि 15 मार्च थी, जो बीत गई, इस व्यवस्था को पूरी तरह से लागू होने में और समय लगेगा। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इसी साल 1 जनवरी को मंत्रालय में ई-ऑफिस व्यवस्था का उद्घाटन किया था और तब से काम शुरू हो गया। सामान्य प्रशासन विभाग ने 7 नवंबर 2024 को अपने सभी विभागों को अपने विभागों में ई-ऑफिस व्यवस्था शुरू करने के लिए पत्र लिखा था।
सूत्रों ने बताया कि कई कर्मी अभी भी कार्यक्रम का प्रशिक्षण ले रहे हैं, ऐसे में परियोजना को पूरा होने में 15 दिन का और समय लग सकता है। जीएडी के पत्र के बाद पीएचक्यू ने भी इसे 15 मार्च से लागू करने की तैयारी कर ली थी, मुख्यालय के विभिन्न शाखाओं को व्यवस्था लागू करने के लिए विस्तृत निर्देश दिए गए थे। जैसे ऑपरेटिंग सिस्टम विंडोज-7 को विंडोज-10 में अपग्रेड करना। इंटरनेट कनेक्शन सुनिश्चित करना। ईमेल आईडी स्थापित करना और पुरानी फाइलों को डिजिटल करने के लिए हाई स्पीड स्कैनर का उपयोग करना। प्रशासन शाखा में सभी पुलिस अधिकारियों का पूरा रिकार्ड रहता है। इसी तरह अधिकारियों की विभागीय जांच का भी पूरा ब्यौरा यहां रखा जाता है। हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट में चल रहे पुलिस मुख्यालय से संबंधित मामलों की भी यहां निगरानी होती है। कर्मचारियों और अधिकारियों के मेडिकल बिलों के दस्तावेज लेखा विभाग में रखे जाते हैं। ऐसे में यहां ई-फाइलिंग का काम अभी तेजी से चल रहा है।
उधर, सीआईडी में शाखा से संबंधित अधिकांश फाइलें ई-फाइलिंग में तब्दील हो चुकी हैं। आपराधिक मामलों की जांच में से करीब 70 फीसदी मामलों की फाइलें भी यहां ई-फाइलिंग में तब्दील हो चुकी हैं। तीन मार्च को डीजीपी ने ई-ऑफिस की तैयारियों की समीक्षा की थी और उन्होंने अधिकारियों को 15 मार्च को तक व्यवस्था शुरू करने के निर्देश दिए थे। 15 मार्च को अवकाश होने के कारण 17 मार्च से इसे पूरी तरह से लागू करने को लेकर पीएचक्यू प्रयासरत था। अधिकारियों को अपने काम की अंतिम रिपोर्ट राज्य अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो को सौंपने के भी निर्देश दिए गए थे।