
EOW Action: सुसनेर नगर परिषद में ई-रिक्शा खरीदी में गड़बड़ी: अध्यक्ष व तत्कालीन सीएमओ पर अपराध दर्ज
Bhopal-Ujjain: आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (EOW) मुख्यालय भोपाल में पंजीबद्ध शिकायत क्रमांक 85/2024 के सत्यापन के बाद सुसनेर नगर परिषद में वर्ष 2023 में ई-रिक्शा एवं हाथ कचरा गाड़ियों की खरीदी में गंभीर अनियमितताएं पाए जाने पर अपराध दर्ज किया गया है। उज्जैन इकाई द्वारा की गई जांच में बाजार मूल्य से अधिक दर पर खरीदी कर निकाय को आर्थिक क्षति पहुंचाने के तथ्य प्रमाणित पाए गए हैं।
● जेम पोर्टल के माध्यम से हुआ अनुबंध
जांच में पाया गया कि नगर परिषद सुसनेर के तत्कालीन मुख्य नगर पालिका अधिकारी जगदीश भैरवे और अध्यक्ष लक्ष्मी राहुल सिसोदिया द्वारा जेम पोर्टल के माध्यम से निविदा प्राप्तकर्ता फर्म अरिहंत कंस्ट्रक्शन, सुसनेर से 5 ई-रिक्शा खरीदी के लिए कुल 24,06,000 रुपये का अनुबंध किया गया। अनुबंध के अनुसार प्रति ई-रिक्शा कीमत 4,81,200 रुपये दर्शाई गई। पांच ई-रिक्शा प्राप्त होने पर कुल अनुबंध राशि में से 16,57,342 रुपये का भुगतान फर्म को किया गया।
● बाजार मूल्य से कई गुना अधिक कीमत
सत्यापन के दौरान विभागीय जांचकर्ता द्वारा अन्य फर्म से प्राप्त कोटेशन में गुलमोहर ब्रांड के एक ई-रिक्शा की कीमत 1,57,142 रुपये पाई गई, जबकि अनुबंध में उसी ब्रांड की कीमत 4,81,200 रुपये दर्शाई गई। इस प्रकार प्रति इकाई 3,24,057 रुपये अधिक व्यय किया जाना सामने आया। पांच ई-रिक्शा की खरीदी में कुल 16,20,285 रुपये का अतिरिक्त भुगतान किया जाना पाया गया, जिसे पद का दुरुपयोग कर आर्थिक अनियमितता करना माना गया है।
● हाथ कचरा गाड़ियों की खरीदी में भी उल्लंघन
इसके अतिरिक्त 3,57,138 रुपये की राशि से 44 दोपहिया हाथ कचरा गाड़ियों की खरीदी में भी निविदा प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया तथा लेखा नियमों का उल्लंघन पाया गया।
● इन धाराओं में अपराध दर्ज
प्रथम दृष्टया साक्ष्य मिलने पर आरोपीगण के विरुद्ध भारतीय दंड संहिता की धारा 409 एवं 120-बी तथा भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधित 2018) की धारा 13(1)(a) एवं 13(2) के अंतर्गत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना प्रारंभ कर दी गई है।
आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ द्वारा अनुबंध दस्तावेज, भुगतान अभिलेख तथा संबंधित अधिकारियों की भूमिका की विस्तृत जांच की जा रही है। मामले में अन्य संबंधित व्यक्तियों की भूमिका भी जांच के दायरे में है।





