Food Poisioning: बड़वाह में 250 से अधिक तोते मरे

102

Food Poisioning: बड़वाह में 250 से अधिक तोते मरे

खरगोन: मध्य प्रदेश के खरगोन जिले के बड़वाह वन मंडल क्षेत्र में नावघाट खेड़ी के समीप 250 से अधिक तोते, कबूतर और गौरेया मृत मिले हैं। पशु चिकित्सकों ने आज पोस्टमार्टम कर फूड प्वाइजनिंग की आशंका जताई है।

पूर्व वाइल्डलाइफ वार्डन टोनी शर्मा ने पत्रकारों को बताया कि नावघाट खेड़ी के समीप एक्वा डक्ट पुल के नीचे सोमवार को करीब 25 तोते मृत पड़े मिले थे, जिनकी संख्या बढ़कर शाम तक 80 हो गई थी। उन्होंने बताया कि बुधवार व गुरुवार को यह संख्या 250 से अधिक हो गई है। उन्होंने बताया कि तोतों के अलावा कबूतर और डायमंड डव और गौरैया भी मृत हुई है। यहां तक की कुछ पक्षी तो पेड़ पर लटके भी पाए गए।

उन्होंने बताया कि मृत तोतों का सैंपल लेकर उन्होंने मंगलवार को पशु चिकित्सकों को सौंपा। इसके अलावा क्षेत्रीय रेंजर को भी घटना की सूचना दी है।

WhatsApp Image 2026 01 01 at 20.18.12 1

पशु चिकित्सक डॉ मनीषा चौहान ने बताया कि पोस्टमार्टम में तोतों की बड़ी और स्माल इंटेस्टाइन में चावल और पत्थर पाए गए हैं। और डाइजेशन ट्रैक पूरी तरह से अफेक्टेड पाया गया। उन्होंने बताया कि कन्जेशन के चलते दोनों इंटेस्टाइन और लिवर पूरी तरह से लाल थी। उन्होंने और सीनियर पशु चिकित्सक डॉक्टर सुरेश बघेल ने अपना ओपिनियन दिया कि ऐसा फूड पॉइजनिंग के चलते हुआ है।

उन्होंने बताया कि उन्हें कबूतर, डायमंड डव और गौरैया के भी मरने की जानकारी मिली है, इनके सैम्पल की बुधवार को पोस्टमार्टम कर जांच की जाएगी। उन्होंने ठंड या किसी अन्य बीमारी से इन वन्य जीवों के मरने की बात से इनकार किया।
पशु चिकित्सक ने बताया कि विसरा प्रिजर्व कर जांच हेतु जबलपुर और भोपाल भेजा जा रहा है। इसे मौत के सही कारणों की पुष्टि हो सकेगी।

जिला कलेक्टर भव्या मित्तल के निर्देश पर पशु चिकित्सा विभाग के डिप्टी डायरेक्टर आरएस सोलंकी भी आज निरीक्षण हेतु बड़वाह क्षेत्र में पहुंचे। उन्होंने भी घटना के किसी अन्य कारण को इनकार करते हुए इसे फूड प्वाइजनिंग का मामला बताया।

उधर टोनी शर्मा ने आशंका व्यक्त की कि फलों के बगीचों को तोते नुकसान करते हैं ऐसे में यह घटना एक षड्यंत्र का हिस्सा भी हो सकती है। उन्होंने कहा कि पर्यटकों के लिए भी पक्षियों को खिलाने के लिए गाइडलाइन जारी होना चाहिए।