
Mook Mati Express : आचार्य विद्यासागर जी महाराज की प्रसिद्ध कृति “मूक माटी” के नाम पर अब रायपुर-जबलपुर ट्रेन का नाम अब मुक माटी एक्सप्रेस होगा!
Ratlam : जैन समाज के महान संत, दार्शनिक, साहित्यकार एवं आध्यात्मिक चिंतक संत शिरोमणि 108 आचार्य विद्यासागर जी महाराज की स्मृति को चिरस्थाई बनाए रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है।रायपुर-जबलपुर एक्सप्रेस का आधिकारिक नाम बदलकर अब “मूक माटी एक्सप्रेस” कर दिया गया है। यह नामकरण आचार्य विद्यासागर जी महाराज की प्रसिद्ध कृति “मूक माटी” के नाम पर किया गया है। इस संबंध में रेलवे बोर्ड द्वारा निर्देश जारी किए गए हैं, जिसके अनुसार अब यह ट्रेन नए नाम से संचालित होगी।

आचार्य विद्यासागर जी महाराज की पुस्तक मूक माटी पर देश के कई विश्वविद्यालयों में शोध एवं अध्ययन कार्य किए जा रहें हैं। उनकी रचनाओं में मौन, करुणा, अहिंसा, संयम, त्याग एवं मानव संवेदना का गहन दर्शन समाहित है। उनकी विचारधारा न केवल जैन समाज बल्कि संपूर्ण राष्ट्र के लिए नैतिक एवं आध्यात्मिक प्रेरणा का स्रोत रही है। गौरतलब है कि रायपुर-जबलपुर एक्सप्रेस का नाम मूक माटी के नाम पर रखने की मांग लंबे समय से देश के विभिन्न शहरों से की जा रही थी, जिसे अब स्वीकार कर लिया गया है। इस अवसर पर पश्चिम रेलवे उपयोगकर्ता परामर्शदात्री समिति एवं रतलाम रेल मंडल उपयोगकर्ता परामर्शदात्री समिति के पूर्व सदस्य दिलीप पाटनी ने केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार व्यक्त किया।
बता दें कि जबलपुर विद्यासागर जी महाराज की तपोस्थली हैं और डोंगरगढ़ समाधि स्थल रायपुर के पास स्थित हैं, आचार्य विद्यासागर जी महाराज (1946-2024) दिगंबर जैन धर्म के एक महान आचार्य, संत और साहित्यकार थे, जिन्होंने भारतीय संस्कृति और जैन धर्म के प्रचार-प्रसार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई; वे अपनी तपस्या, ज्ञान, और ‘मूकमाटी’ जैसे महाकाव्यों के लिए जाने जाते हैं, और 18 फरवरी 2024 को छत्तीसगढ़ के डोंगरगढ़ में उन्होंने सल्लेखना पूर्वक समाधिमरण प्राप्त किया!





