बीसीसीआई के चुनावों में इन बड़े नामों में होगी टक्कर, सौरव गांगुली से लेकर राजीव शुक्ला तक का नाम शामिल

बीसीसीआई के चुनावों में इन बड़े नामों में होगी टक्कर, सौरव गांगुली से लेकर राजीव शुक्ला तक का नाम शामिल

मीडियावाला.इन।

नई दिल्ली. दुनिया के सबसे ताकतवर क्रिकेट बोर्ड बीसीसीआई के चुनाव 23 अक्टूबर को होने वाले हैं, जिसकी दौड़ में कई बड़े नाम शामिल हैं जिनकी साख इन चुनावों में दांव पर होगी. इन नामों में क्रिकेटर सौरव गांगुली , अजहरुद्दीन जैसे खिलाड़ियों से लेकर आईपीएल चेयरमैन राजीव शुक्ला , एचपीसीए के पूर्व अध्यक्ष अनुराग ठाकुर , डीडीसीए के अध्यक्ष रजत शर्मा का नाम शामिल है.
बीसीसीआई  के 23 अक्तूबर को होने वाले चुनाव के लिए बोर्ड के सभी 38 पूर्ण सदस्यों ने चुनाव कराकर अपने प्रतिनिधियों के नाम प्रशासकों की समिति (सीओए) को भेज दिए हैं. हालांकि यह आखिरी सूची नहीं है. सात अक्टूबर तक इन नामों को लेकर अगर किसी तरह की आपत्तियां आती हैं तो उसकी जांच की जाएगी जिसके बाद आखिरी लिस्ट जारी की जाएगी.   

सौरव गांगुली और अजहरुद्दीन का नाम शामिल


बीसीसीआई के चुनाव से पहले कई राज्यों में क्रिकेट एसोसिएशन के चुनाव हुए थे. हालांकि इन चुनावों में बड़े नाम नदारद रहे लेकिन यह कमी बीसीसीआई के चुनाव में पूरी होगी जहां कई बड़े नाम शामिल हैं. इन चुनावों में कई बड़े क्रिकेटर भी नजर आने वाले हैं. बंगाल की ओर से कैब अध्यक्ष सौरव गांगुली मैदान में उतरे हैं.
हरियाणा से मृणाल ओझा और तमिलनाडु से आरएस रामास्वामी को प्रतिनिधि बनाया गया है. पूर्व भारतीय कप्तान और हैदराबाद के नए अध्यक्ष मोहम्मद अजहरुद्दीन अपने संघ के प्रतिनिधि हैं. कर्नाटक की ओर से पूर्व टेस्ट क्रिकेटर बृजेश पटेल को चुना गया है. रेलवे, यूनिवर्सिटी, सेना ने अपने क्रिकेटर हरविंदर सिंह, राजीव नैय्यर, संजय वर्मा का नाम भेजा है. पंजाब से भारतीय क्रिकेट टीम के बैटिंग कोच विक्रम ठाकुर के भाई राकेश ठाकुर प्रतिनिधि बने हैं.                           

बड़े नेता भी हैं मैदान में

यूपी क्रिकेट एसोसिएशन ने कांग्रेस नेता राजीव शुक्ला को तो राजस्थान क्रिकेट बोर्ड ने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के बेटे वैभव गहलोत को अपना प्रतिनिधि चुना है. वहीं गुजरात क्रिकेट बोर्ड ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बेटे जय शाह का नाम भेजा है.हिमाचल प्रदेश की ओर से पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम चंद धूमल के पुत्र अरुण धूमल का नाम भेजा गया है. वहीं डीडीसीए के अध्यक्ष और पत्रकार रजत शर्मा भी इस दौड़ में शामिल हैं. सौराष्ट्र से पूर्व बोर्ड सचिव निरंजन शाह के बेटे जयदेव शाह प्रतिनिधि बनाए गए हैं.                 

सुप्रीम कोर्ट करेगा नामों की जांच

निर्वाचन अधिकारी एन गोपालस्वामी ने सात अक्तूबर तक राज्यों की ओर से भेजे गए प्रतिनिधियों को लेकर आपत्तियां मांगी हैं. इसके बाद सुप्रीम कोर्ट के 26 सितंबर के आदेश के मुताबिक इनकी छानबीन की जाएगी जिसके बाद लिस्ट में कटौती की जाएगी. निर्वाचन अधिकारी की ओर से सभी प्रतिनिधियों की लोढ़ा कमेटी के संविधान के अनुसार योग्यता परखी जाएगी. इनमें कूलिंग ऑफ पीरियड और आयु-कार्यकाल प्रमुख हैं.                  Source-News18

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