Swastika: जब भारतीय इंजीनियर को भारी पड़ा विदेश में स्वस्तिक बनाना

जाना पड़ा जेल

1320

Swastika: जब भारतीय इंजीनियर को भारी पड़ा विदेश में स्वस्तिक बनाना

भारतीय मान्यता है कि  मुख्य द्वार पर स्वास्तिक लगाने से न केवल आपके घर में सकारात्मक ऊर्जा का प्रवेश होता है,बल्कि स्वास्तिक का चिन्ह मुख्य द्वार पर लगाने से आपके घर में सुख, समृद्धि और धन का आगमन भी होता है।           सऊदी अरब में एक भारतीय इंजीनियर को अपने घर के गेट पर स्वास्तिक बनाना महंगा पड़ गया। पड़ोसी की शिकायत पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।

Vastu For House Main Gate: घर के मुख्य दरवाजे पर लगाएंगे ये चीजें शुभ, बाधाओं का होगा नाश और दरिद्रता हो जाएगी दूर - News Nation

आंध्र प्रदेश के गुंटूर के रहने वाले 45 वर्षीय केमिकल इंजीनियर एक साल से भी ज्यादा समय से सऊदी अरब में रहकर नौकरी कर रहे हैं।

पिछले माह इंजीनियर ने अपने परिवार को भी सऊदी अरब बुला लिया था। परिजनों ने अपनी धार्मिक मान्यता के चलते अपने फ्लैट के गेट पर स्वास्तिक का निशान बना दिया। इसे उनके पड़ोसी एक स्थानीय अरब व्यक्ति ने हिटलर का नाजी निशान समझ लिया।

मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना: CM चौहान ने राजा भोज विमान तल से 32 यात्रियों को प्रयागराज के लिए रवाना किया 

पड़ोसी ने इसकी शिकायत पुलिस को की और अपनी जान को खतरा बताया। शिकायत पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आंध्र के इंजीनियर को गिरफ्तार कर लिया। इंजीनियर ने काफी समझाने की कोशिश की कि यह नाजी निशान नहीं बल्कि हिंदू धर्म का पवित्र निशान है लेकिन पुलिस अधिकारी नहीं माने और इंजीनियर को जेल भेज दिया।

सूचना मिलने पर एनआरआई एक्टिविस्ट मुजम्मिल शेख, भारतीय इंजीनियर की मदद के लिए आगे आए और उन्होंने अधिकारियों को समझाया तो आखिरकार पुलिस वाले मान गए। हालांकि शनिवार और रविवार को छुट्टी का दिन होने के चलते भारतीय इंजीनियर को बिना किसी अपराध के दो दिन जेल में बिताने होंगे। मुजम्मिल शेख ने बताया कि संस्कृति की गलतफहमी के चलते यह घटना हुई। हमने अधिकारियों को बताया कि स्वास्तिक का निशान हिंदू धर्म में काफी पवित्र माना जाता है और सुख-समृद्धि के लिए इसे घरों के गेट पर बनाया जाता है। सऊदी अरब में भारतीय समुदाय के लिए काम करने वाले केरल के नैस शौकत अली ने भी भारतीय इंजीनियर की मदद की।

G2o Summit:370 के बाद क्या? कश्मीर में अचानक पहुंचे कमांडोज,370 के बाद क्या?