
कक्षा 12 के छात्र बोर्ड का पेपर नहीं दे पाए, DEO ने स्कूल की मान्यता रद्द करने के लिए पत्र लिखा
खरगोन : मध्यप्रदेश के खरगोन जिले के भीकनगांव स्थित गायत्री विद्यापीठ हायर सेकेंडरी स्कूल की गंभीर लापरवाही के चलते कक्षा 12वीं के छात्र मंगलवार को अंग्रेजी का बोर्ड परीक्षा पेपर नहीं दे सके। इस मामले में कलेक्टर भव्या मित्तल के निर्देश पर जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) ने स्कूल की मान्यता रद्द करने को लेकर कमिश्नर, लोक शिक्षण संचालनालय, भोपाल को पत्र लिखकर कड़ी कार्रवाई की अनुशंसा की है।
घटना के विरोध में आक्रोशित पालकों ने सोमवार रात आधी रात तक प्रदर्शन और चक्काजाम किया।
जिला शिक्षा अधिकारी महेंद्र कानुडे ने बताया कि स्कूल प्रबंधन ने कक्षा 10वीं के 13 और कक्षा 12वीं के 10 नियमित व स्वाध्यायी छात्रों के परीक्षा फॉर्म तो भरवा लिए, लेकिन समय-सीमा के भीतर माध्यमिक शिक्षा मंडल, भोपाल को परीक्षा शुल्क जमा नहीं किया। निर्धारित अंतिम तिथि बीत जाने के बाद 9 फरवरी 2026 को स्कूल प्रबंधन द्वारा बिना मंडल की अनुमति के RTGS के माध्यम से 3,73,175 रुकी राशि जमा की गई, जो परीक्षा नियमों का खुला उल्लंघन है।
इसी कारण छात्रों के प्रवेश पत्र जनरेट नहीं हो सके और वे आज परीक्षा केंद्र में प्रवेश से वंचित रह गए। कक्षा 12 के 10 विद्यार्थी आज अंग्रेजी विषय का अपना बोर्ड का पेपर नहीं दे सके।
DEO ने बताया कि इस गंभीर लापरवाही के कारण छात्रों का शैक्षणिक भविष्य संकट में पड़ गया है। कलेक्टर के निर्देश पर लोक शिक्षण संचालनालय को भेजे गए पत्र में स्कूल प्राचार्य और प्रबंधन को पूरी तरह जिम्मेदार ठहराते हुए इसे घोर प्रशासनिक लापरवाही बताया गया है। पत्र में स्कूल की मान्यता निरस्त करने की सिफारिश की गई है।
इधर, जब छात्रों को परीक्षा से वंचित होने की जानकारी मिली तो पालकों का गुस्सा फूट पड़ा। सोमवार रात पालकों ने पहले स्कूल परिसर में जोरदार प्रदर्शन किया और बाद में सड़क पर चक्काजाम कर दिया, जिससे आवागमन प्रभावित हुआ। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभालते हुए उच्च अधिकारियों को अवगत कराया। अधिकारियों के आश्वासन के बाद करीब रात 2 बजे चक्काजाम समाप्त हुआ।
वहीं स्कूल प्रबंधन का दावा है कि वह प्रभावित विद्यार्थियों की शेष परीक्षाएं दिलवाने के लिए उच्च अधिकारियों से लगातार संपर्क में है। हालांकि पालकों का कहना है कि प्रबंधन की लापरवाही ने बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया है और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए।





