
Lokayukta Action: नगर निगम भोपाल के अपर आयुक्त और अन्य के विरुद्ध प्रकरण पंजीबद्ध
भोपाल: लोकायुक्त पुलिस भोपाल ने आज नगर निगम भोपाल के अपर आयुक्त (वित्त) गुणवंत सेवितकर और अन्य के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण पंजीबद्ध किया है।
लोकायुक्त की टीम ने न्यायालय से सर्च वारंट प्राप्त कर नगर निगम भोपाल के सर्वर केंद्र की सर्च की और SAP सॉफ्टवेयर की हार्ड डिस्क को जप्त किया है।

इस संबंध में लोकायुक्त पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार नगर निगम के अपर आयुक्त वित्त गुणवंत सेवितकर और अन्य कर्मचारियों- अधिकारियों के विरुद्ध प्राप्त एक शिकायत में बताया गया कि अपर आयुक्त द्वारा अन्य कर्मचारियों के साथ मिलकर नगर निगम भोपाल के केंद्रीय कर्मशाला और मोटर वर्कशॉप में गाड़ियों के रंग, अन्य मरम्मत कार्य,जल कार्य विभाग और सामान्य प्रशासन विभाग के बगैर कार्य कराए फर्जी E बिल तैयार करके SAP सॉफ्टवेयर के माध्यम से करोड़ों रुपए के फर्जी भुगतान किए गए हैं। बिलों में हेर फेर कर विभिन्न मद और नए मद बनाकर बिना काम कराए गए,काम की राशि अपने परिचितों एवं रिश्तेदारों की बनाई गई फर्मो में स्थानांतरित किया गया। बताया गया है कि फर्जी बिलों का भुगतान कर कमीशन राशि प्राप्त की जाती रही है। निगम द्वारा संचालित वाहनों की मरम्मत के फर्जी बिल बनाकर भुगतान कर कमीशन लेने का आरोप भी शिकायत में है।
उक्त शिकायत का सत्यापन लोकायुक्त भोपाल के पुलिस अधीक्षक दुर्गेश राठौर द्वारा कराया गया। शिकायत सत्यापन पर संज्ञय अपराध की सूचना पाए जाने पर गुणवंत सेवितकर अपर आयुक्त वित्त नगर निगम भोपाल और अन्य के विरुद्ध अपराध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7 और 420, 467, 468, 471 और 120 B भारतीय दंड विधान के अंतर्गत पंजीबद्ध किया गया।
सर्च टीम में उप पुलिस अधीक्षक बी एम द्विवेदी, उप पुलिस अधीक्षक आरके सिंह निरीक्षक, निरीक्षक कविंद्र सिंह चौहान, निरीक्षक रजनी तिवारी और साइबर टीम के सदस्य शामिल रहे।




