
तेंदुए का खूनी हमला: 5 ग्रामीण घायल, पेड़ से गिरकर तेंदुए की मौत, इलाके में दहशत
बड़वानी: मध्य प्रदेश के बड़वानी जिले के वरला वन परिक्षेत्र में बुधवार सुबह तेंदुए के हमले से हड़कंप मच गया, जब एक खूंखार तेंदुए ने पांच ग्रामीणों को घायल कर दिया। बाद में ग्रामीणों से टकराव के दौरान वही तेंदुआ पेड़ से गिर गया और उसकी मौत हो गई। वन विभाग ने इस पूरी घटना को मानव-वन्यजीव संघर्ष का मामला बताया है।
सेंधवा वन मंडल के डीएफओ आईएस गडरिया के अनुसार, यह घटना सुबह करीब 8:30 बजे कम्पार्टमेंट नंबर 497, जुनापानी गांव के पास हुई। उस समय ग्रामीण बकरियां चराने जंगल में गए थे, तभी अचानक उनका सामना तेंदुए से हो गया।
अधिकारियों ने बताया कि क्षेत्र में दो तेंदुओं की मौजूदगी थी। एक तेंदुआ स्वस्थ था और जंगल की ओर निकल गया, जबकि दूसरा तेंदुआ हमले में शामिल था। तेंदुए ने सबसे पहले जीवन (25) पर झपट्टा मारा, जो उसे देखकर भागने की कोशिश कर रहा था। उसकी चीख-पुकार सुनकर उसके पिता नंदा (50) और अन्य ग्रामीण मौके पर पहुंचे और उसे बचाने का प्रयास किया।
लेकिन हालात बेकाबू हो गए और तेंदुए ने चार अन्य लोगों पर भी हमला कर दिया। इस हमले में कुल पांच लोग घायल हुए, जिनमें नंदा (50), जीवन (25), कल्याण (55), सुरेश (35) और पिंटू (25) शामिल हैं। सभी घायलों को पहले वरला के सरकारी अस्पताल में प्राथमिक उपचार दिया गया, फिर सेंधवा भेजा गया। बाद में गंभीर हालत को देखते हुए सभी को इंदौर के एमवाय अस्पताल रेफर कर दिया गया।

डीएफओ ने बताया कि सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और करीब दो साल के नर तेंदुए को गंभीर हालत में पाया। ग्रामीणों से संघर्ष के दौरान उसे चोटें आई थीं। जान बचाने के लिए वह पेड़ पर चढ़ गया, लेकिन कमजोरी के कारण पकड़ नहीं बना सका और नीचे गिर गया, जिससे उसकी मौत हो गई।
पोस्टमार्टम में खुलासा हुआ कि तेंदुए के पिछले पैर में पुराना गहरा घाव था और उसका पेट भी खाली मिला। इससे संकेत मिलता है कि वह लंबे समय से भूखा-प्यासा था और शिकार करने में असमर्थ हो गया था। इसी वजह से उसने ग्रामीणों पर हमला किया।
वन विभाग ने स्पष्ट किया कि ग्रामीणों ने आत्मरक्षा में कदम उठाया और उनका तेंदुए को मारने का कोई इरादा नहीं था। विभाग ने यह भी बताया कि इलाके में दूसरे तेंदुए की मौजूदगी को देखते हुए उसकी तलाश शुरू कर दी गई है और उसे पकड़ने के लिए पिंजरे लगाए जा रहे हैं।
वहीं, सेंधवा विधायक मोंटू सोलंकी ने आशंका जताई कि तेंदुआ पानी की तलाश में गांव के करीब आ गया होगा। उन्होंने वन विभाग से सतर्कता बढ़ाने और दूसरे तेंदुए को जल्द पकड़ने की मांग की है। घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल है।





