IPL सट्टा करते पकड़ाया सटोरिया, 2 मौके से फरार,विदेशों तक जुड़े तार

मौके से लैपटॉप,मोबाइल सहित नकदी बरामद, लाखों का हिसाब किताब भी मिला

1382

IPL सट्टा करते पकड़ाया सटोरिया, 2 मौके से फरार,विदेशों तक जुड़े तार

Dhar : देश में इन दिनों इंडियन प्रीमियर लीग यानी आईपीएल क्रिकेट का खुमार चल रहा हैं। मैच अंतिम दौर में है।इस बीच सटोरिये भी क्रिकेट मैच पर हार-जीत का दांव लगवाकर मोटी कमाई करने में लगे हैं।
मुखबिर से मिली सूचना पर पुलिस ने धार जिले के डेहरी में कार्रवाई करते हुए क्रिकेट सटटे का खुलासा किया। साथ ही एक आरोपी को गिरफतार कर मौके से लैपटॉप,मोबाइल सहित नकदी बरामद की है।पुलिस द्वारा मौके से जब्‍त किए गए सामान में लाखों रुपए लेन-देन होने की जानकारी होने की संभावना है। बाग पुलिस मामले की जांच में जुटी हैं। साइबर सेल धार टीम व पुलिस थाना बाग ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए बीती रात टाटा आईपीएल टी-20 श्रृंखला-2023 अंतर्गत लखनउ सुपर जायट्स LSG व कोलकत्ता नाईट राइडर KKR मैंच में आनलाईन सट्टा करते 1 क्रिकेट बुकी अजीज पिता सफी मोहम्मद शेख निवासी ग्राम डेहरी थाना बाग को गिरफतार किया है।आरोपी अजीज के पास से 1 लैपटाप,11 मोबाईल फोन,1 वाई फाई डोंगल व 5 हजार 500 रुपए नकद व अन्य इलेक्ट्रानिक उपकरण बरामद किए हैं।इनकी कुल कीमत 1 लाख 20 हजार रुपए बताई जा रही है।वहीं इस मामले में मुख्‍य आरोपी असलम पिता मोईनुद्दीन व अरमान पिता मुन्ना मुसलमान निवासीगण ग्राम डेहरी फरार हो गए।
बता दें कि इन दोनों के द्वारा ही क्रिकेट सटटा संचालित किया जा रहा था।एसपी जिला धार मनोज कुमार सिंह को लंबे समय से जिलें में क्रिकेट मैचों के सट्टे के संचालन की सूचना प्राप्त हो रही थी। जिनके द्वारा इंडियन प्रीमियर क्रिकेट टूनामेंट 2023 के टी-20 मैचों में सट्टा खाने वाले सटोरियों यानी बुकी के विरूद्ध वैधानिक कार्रवाई के लिए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक धार देवेन्द्र पाटीदार के मार्गदर्शन में समस्त सीएसपी,एसडीओपी,थाना प्रभारियों के साथ-साथ साइबर सेल धार प्रभारी निरीक्षक दिनेश शर्मा को आवश्‍यक कार्रवाई के निर्देश दिए थे।

इसी कड़ी में साइबर सेल धार टीम ने टाटा आईपीएल श्रंखला-2023 के मैचों में खिलाडियों पर एवं टीम के हार-जीत पर सट्टे के व्यापार में लिप्त सक्रिय सटोरियों की जानकारी प्राप्त करने के लिए मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया।
इस बीच शनिवार देर शाम साइबर सेल धार प्रभारी निरीक्षक दिनेश शर्मा को मुखबिर से सूचना मिली कि धार जिलें के थाना बाग की चौकी डेहरी क्षेत्रांतर्गत पिंजार मोहल्ले के रहने वाले असलम पिता मोईनुद्दीन मुल्तानी व अरमान पिता मुन्ना मुसलमान इन दिनों आईपीएल के मैंचो पर आनलाईन सट्टे का व्यापार का संचालन कर रहे है।आज भी वह शाम 7.30 बजे से होने वाले लखनउ सुपर जायट्स व कोलकत्ता नाईट राइडर मैंच में टीमों की जीत हार,सेशन व विक्टोें पर हार-जीत का आनलाईन सट्टा करने के लिए के असलम मुल्तानी के मकान बैठे है।मुखबिर की सूचना पर अधिकारियों के साथ-साथ थाना प्रभारी बाग निरीक्षक रणजीत सिंह बघेल को सूचना से अवगत कराया।साइबर सेल धार टीम मुखबिर द्वारा बताए गए स्थान पर पहुंची।लेकिन मकान में आईपीएल सट्टा संचालित कर रहें आरोपीगणों ने मुख्य द्वार चैनल गेट पर ताला लगा दिया था।जिसे टीम द्वारा खुलवा कर दबिश दी।जब तक मुख्य आरोपी असलम पिता मोईनुद्दीन मुल्तानी व अरमान पिता मुन्ना मुल्तानी जाति मुसलमान निवासीगण पिंजार मोहल्ला डेहरी थाना बाग जिला धार ने पास के सटे मकानों की छतों के रास्ते 3 मकान कूदकर अपने भाई कलीम पिता मोईनुद्दीन के घर से निकलकर भागने में सफल हुए।टीम द्वारा घेराबंदी कर आरोपी अजीज पिता सफी मोहम्मद शेख जाति मुसलमान उम्र 50 साल निवासी जोबट जिला अलीराजपुर हाल मुकाम पिंजार मोहल्ला डेहरी थाना बाग को पकड़ा।पकड़े गए आरोपी अजीज से टीम द्वारा पूछताछ करने पर स्वयं को असलम के मकान में ही किराए से रहकर असलम द्वारा आईपीएल एवं मटके का सट्टा का कारोबार में सहयोग करने की जानकारी दी।
टीम को आरोपी अजीज के कब्जे से क्रिकेट मैच के सट्टा उपकरण मिले हैं।साथ ही जब्‍त मोबाइलों में क्रिकेट आईपीएल सट्टा एवं मटका सट्टे के लेन-देन के लिए बने साफ्टवेयर में लाखो का हिसाब पाया गया हैं।गौरतलब हैं कि असलम व अरमान के द्वारा मटका सट्टे का भी बडे पैमाने पर कारोबार कर रहे हैं,जो जब्‍त दस्तावेजों से स्पष्ट होता है।
थाना बाग पुलिस ने आरोपी अजीज व उसके फरार साथी असलम मुल्तानी व अरमान मुल्तानी के विरू़द्ध थाना बाग में धारा 3/4 पब्लिक गेम्बलिंग एक्ट,1976 का केस दर्ज किया हैं।

इनकी रही सराहनीय भूमिका
आरोपी अजीज को गिरफ्तार करने में साइबर से धार प्रभारी निरीक्षक दिनेश शर्मा,एएसआई रामसिंह गौर,प्रधान आरक्षक गुलसिंह,राजेश,आरक्षक बलराम,सर्वेश,आरक्षक प्रशांत सिंह चौहान,राहुल,संग्राम, थाना गंधवानी से आरक्षक आशाराम, सैनिक मोहन व थाना प्रभारी बाग निरीक्षक रणजीत सिंह बघेल,एएसआई नीलेश मालवीय व उनकी टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।आरोपी से जप्त मोबाईल की जांच साइबर सेल टीम द्वारा कर जा रही हैं,जिससे और भी कई सटोरियों के नाम मिलने की संभावना को नकारा नहीं जा सकता।