Innovative Project First in the State: उपभोक्ताओं के लिये राशन भी पोषण भी, उचित मूल्य दुकानों का उन्नयन कर बनाये गये 30 जन पोषण केन्द्र

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Innovative Project First in the State: उपभोक्ताओं के लिये राशन भी पोषण भी, उचित मूल्य दुकानों का उन्नयन कर बनाये गये 30 जन पोषण केन्द्र

इन दुकानों से राशन के साथ पोषण संबंधी मोटा अनाज, दालें, सब्जियां, दूध, पनीर, मसाले भी मिलेंगे, भारत सरकार के खाद्य विभाग के संयुक्त सचिव ने किया वर्चुअली शुभारंभ

इंदौर: इंदौर जिले में उपभोक्ताओं के हित में और उचित मूल्य दुकानों को आर्थिक रूप से सुदृढ़ बनाने के लिए शासन-प्रशासन द्वारा नवाचार किया जा रहा है। कलेक्टर श्री आशीष सिंह के निर्देशन में जिले में शासकीय उचित मूल्य दुकानों की सूरत और सीरत बदलने लगी है। अब शासकीय उचित मूल्य दुकानों से उपभोक्ताओं को राशन के साथ ही गुणवत्तापूर्ण दुग्ध उत्पाद और अन्य पोषण सामग्रियाँ भी उचित मूल्य पर देने की व्यवस्था शुरू की गई हैं। इन दुकानों से जैविक उत्पाद भी उपलब्ध कराये जाने के लिए आज उचित मूल्य दुकान आदर्श महिला प्राथमिक उपभोक्ता भंडार बाणगंगा इंदौर पर मुख्य कार्यक्रम आयोजित कर जनपोषण केन्द्र का औपचारिक विधिवत शुभारंभ किया गया।

कार्यक्रम में वीडियो कांफ्रेंस के माध्यम से भारत सरकार खाद्य विभाग के संयुक्त सचिव श्री रविशंकर, ज्वाईंट डायरेक्टर एनएफएसए भारत सरकार श्री जय पाटील, प्रदेश के आयुक्त खाद्य श्री कर्मवीर शर्मा वर्चुअली सम्मिलित हुए। कंसल्टेंट श्री अभिषेक कुमार, श्री चंद्रपाल यादव, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री सिद्धार्थ जैन, जिला आपूर्ति नियंत्रक श्री एम.एल. मारु, पायलट प्रोजेक्ट के 30 दुकानों के डीलर, स्थानीय पार्षद श्रीमती संध्या जायसवाल, हितग्राही उपभोक्ता कार्यक्रम में सम्मिलित हुए।

शुभारंभ में संयुक्त सचिव भारत सरकार श्री रविशंकर द्वारा जनपोषण केन्द्र के पायलट प्रोजेक्ट के बारे में डीलर को आवश्यक मार्गदर्शन निर्देश दिए गये। उपभोक्ताओं को पोषण संबंधी वस्तुएं दुकान के माध्यम से सहज गुणवत्तायुक्त सामग्री उपलब्ध हो सके तथा उचित मूल्य दुकान को आर्थिक रूप से सुदृढ एवं बहुउददेशीय बनाने के महत्व को विस्तार से बताया। आयुक्त खाद्य द्वारा भारत सरकार के पायलट प्रोजेक्ट को बेहतर तरीके से क्रियान्वयन करने तथा उपभोक्ताओं को पोषण संबंधित जरूरते इन केन्द्रों के माध्यम से पूरी हो सके इसके लिए डीलर खाद्य विभाग की टीम को इसके संचालन निरंतर करने हेतु मार्गदर्शन प्रदान किया गया। बताया गया कि सरकारी राशन की दुकानों को पोषण केंद्रों में बदलने की यह एक अभिनव पहल है। इसका मकसद, लोगों को पोषण से भरपूर खाद्य पदार्थ मुहैया कराना है। उपभोक्ता भंडार के विक्रेता द्वारा पोषण संबंधी विशेष तौर पर उचित दर एवं क्वालिटी के साथ दी जाने का प्रयास किया जाता है।

कार्यक्रम में जिला आपूर्ति नियंत्रक श्री एम.एल. मारु द्वारा इन दुकानों पर किए गए नवाचार के बारे में बताया गया। उन्होंने बताया कि इंदौर में 30 जन पोषण केन्द्र स्थापित किये गये है। इन जनपोषण केन्द्रों पर मोटा अनाज, दाले, हरी सब्जियां, दूध, दही, पनीर, गिर गाय का शुद्ध घी, मसाले, स्वसहायता समूह की इंदौर की बहनों द्वारा बनाए गए अचार, पापड़, मसाले इत्यादि उत्पाद बिक्री हेतु उपलब्ध है। जनपोषण केन्द्र पर होम डिलेवरी के माध्यम से भी मोटा अनाज सामग्री आदि प्रदाय करने के संबंध में की गई पहल, नवाचार के संबंध में बताया गया।

उपभोक्ताओं ने भी की सराहना

जनपोषण केन्द्र के शुभारंभ उपरांत लगभग 50 से ज्यादा उपभोक्ताओं ने मोटा अनाज,दाले,दूध ,दही, घी, मसाले आदि क्रय किए। स्थानीय उपभोक्ताओं द्वारा उचित मूल्य दुकान पर उक्त सामग्री की उपलब्धता पर प्रसन्नता जाहिर की एवं राशन के साथ अन्य सामग्री भी क्रय करने अन्यत्र नहीं जाना पडेगा कि सुविधा शासन द्वारा दिए जाने पर आभार व्यक्त किया।

उचित मूल्य की दुकानों पर जन पोषण केन्द्र शुरू हो जाने के बाद उपभोक्ताओं को तो लाभ होगा ही, इसके साथ ही राशन डीलरों की आय में भी वृद्धि होगी और लोगों को पोषण से भरपूर खाद्य पदार्थ मिलेंगे। जन पोषण केंद्रों में पोषण से जुड़े उत्पादों का भंडारण होगा। इन केंद्रों में राशन डीलरों को आय का एक और जरिया मिल सकेगा। इन केंद्रों में राशन डीलरों को आसान लोन की सुविधा भी मिलेगी। इन केंद्रों में डिजिटल टूल्स और सहायता प्रणालियों का इस्तेमाल किया जाएगा तथा कॉमन सर्विस सेंटर, बैंकिग कोरसपोंडेंस बनाने की कार्यवाही भी जनपोषण केन्द्र पर की जा रही है।

कार्यक्रम में वर्चुअली शामिल हुए भारत सरकार के संयुक्त संचालक खाद्य श्री रविशंकर ने राज्य के प्रथम जन पोषण केन्द्र प्रारंभ करने पर शुभकामनाये एवं बधाई दी। आयुक्त खाद्य मध्यप्रदेश द्वारा जन पोषण केन्द्र के प्रारंभ होने पर उचित मूल्य दुकान विक्रेताओं को बधाई एवं शुभकामनाए प्रेषित की गई।