IAS Officer Apologized: पूर्व मंत्री ने लिया केस वापस

652
Minor Administrative Reshuffle

IAS Officer Apologized: पूर्व मंत्री ने लिया केस वापस

Bengaluru: भारतीय प्रशासनिक सेवा की 2009 बैच की कर्नाटक कैडर के अधिकारी रोहिणी सिंधुरी इन दिनों काफी चर्चा में है। अभी उनका IPS अधिकारी डी रूपा के साथ विवाद थमा भी नहीं था कि अब एक और मामला सामने आया है जिसमें
कर्नाटक के पूर्व मंत्री और जनता दल (सेक्युलर) के विधायक सा रा महेश ने IAS अधिकारी रोहिणी सिंधुरी के खिलाफ दायर मानहानि का मुकदमा वापस ले लिया। सिंधुरी ने मैसूर के डिप्टी कमिश्नर के रूप में उनके कार्यकाल के दौरान जमीन हड़पने और अतिक्रमण का आरोप लगने के बाद महेश ने सितंबर 2022 में मामला दर्ज करवाया था।

शनिवार को महेश ने याचिका वापस ले ली, जिसके बाद मैसूरु शहर की एक कोर्ट ने याचिका खारिज कर दी। विधायक ने कहा कि उन्होंने मुकदमा वापस ले लिया, क्योंकि सिंधुरी ने उनसे माफी मांगी थी।

Karnataka Women Officers Controversy Big Relief To IAS Rohini Sindhuri Bengaluru Court Orders To IPS D Roopa And Media Houses | Karnataka: 'प्राइवेट तस्वीरों' को लेकर हुए विवाद में IAS रोहिणी सिंधुरी

दोनों के बीच तनातनी के बाद विधायक ने आईएएस अधिकारी के खिलाफ भ्रष्टाचार की शिकायत दर्ज कराई थी।इसी साल फरवरी में आईएएस अधिकारी पी मणिवन्नन द्वारा मध्यस्थता किए गए समझौते की तस्वीरें सामने आईं थीं, जिसके बाद आईपीएस अधिकारी डी रूपा ने सिंधुरी के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे। विवाद के बाद सिंधुरी और रूपा दोनों को बिना पोस्टिंग के स्थानांतरित कर दिया गया था। इस मुद्दे से संबंधित एक ऑडियो लीक ने राज्य की नौकरशाही को काफी बदनामी का सामना करना पड़ा था, क्योंकि एमएलसी एएच विश्वनाथ ने सवाल किया था कि कैसे मणिवन्नन ने महेश और सिंधुरी के बीच मध्यस्थता की। उन्होंने पूछा था कि क्या राज्य सरकार ने अधिकारी को ‘मामले निपटाने’ का अधिकार दिया है।

बता दें, पूर्व मंत्री महेश ने सिंधुरी के खिलाफ विशेषाधिकार हनन प्रस्ताव भी पेश किया था और राज्य विधानमंडल के हालिया बजट सत्र के दौरान उनके खिलाफ शिकायतें उठाने के लिए समय मांगा था। इसके बाद विधायक ने कहा था कि सिंधुरी ने माफी मांग ली है और अब वो इस मुद्दे को आगे नहीं बढ़ाएंगे।
सरकार और मुख्य सचिव को सौंपे गए दस्तावेजों के बारे में पूछे जाने पर महेश ने कहा कि सरकार तय करे कि एक्शन लेना है। उन्होंने कहा था, ‘मैं कार्रवाई शुरू करने या इस (मामलों) के बारे में कोई बयान देने के लिए कोई दबाव नहीं बनाऊंगा।’

10 IPS Inducted In Intelligence Bureau: 10 IPS अफसर हार्डकोर कैडर में शामिल

Who Will Be Permanent DGP: UP में स्थाई DGP की कवायद शुरू