
Big Action of Indore Lokayukta: खरगोन में 2 हजार रुपये रिश्वत लेते ब्लॉक एजुकेशन ऑफिसर ट्रैप
खरगोन: लोकायुक्त पुलिस इंदौर के दल ने भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए झिरन्या ब्लॉक के ब्लॉक एजुकेशन ऑफिसर को रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई एक महीने के वेतन के अनुमोदन के एवज में रिश्वत मांगने को लेकर की गई है।
लोकायुक्त के दल ने लोक एजुकेशन ऑफिसर प्रभात परमार्थी को आज 2,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है।
इंदौर लोकायुक्त पुलिस अधीक्षक, राजेश सहाय के अनुसार, अनकवाड़ी (पोस्ट बिस्टान, तहसील भगवानपुरा) निवासी सुभाष बर्डे ने शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि उनकी पत्नी सेवंती बर्डे शासकीय प्राथमिक विद्यालय भेड़िया फलिया, तहसील भगवानपुरा में अतिथि शिक्षक के रूप में कार्यरत हैं। उनका नवंबर 2025 का वेतन अनुमोदन न होने के कारण लंबित था।
आरोप है कि वेतन स्वीकृत कराने के लिए आवेदक जब तत्कालीन संकुल प्राचार्य शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मोहनपुरा, प्रभात परमार्थी से मिला, तब आरोपी ने 2,000 रुपये रिश्वत की मांग की। बाद में आरोपी का स्थानांतरण होकर वह दिसंबर 2025 में झिरन्या में ब्लॉक एजुकेशन ऑफिसर के पद पर पदस्थ हो गया।
आवेदक रिश्वत नहीं देना चाहता था और आरोपी को रंगे हाथ पकड़वाना चाहता था। इस पर लोकायुक्त ने शिकायत का सत्यापन कराया, जो सही पाया गया। इसके बाद 25 अप्रैल 2026 को ट्रैप दल का गठन किया गया।
निर्धारित योजना के अनुसार, आरोपी ने अपने ज्योति नगर, खरगोन स्थित निवास पर जैसे ही आवेदक से 2,000 रुपये की रिश्वत ली, लोकायुक्त टीम ने उसे रंगे हाथ पकड़ लिया।
आरोपी के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण (संशोधन) अधिनियम 2018 की धारा 7 के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है और आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है।
इस कार्रवाई में उप पुलिस अधीक्षक सुनील तालान के नेतृत्व में आरक्षक आशीष शुक्ला, रामेश्वर निगवाल, चंद्रमोहन बिष्ट, अनिल परमार एवं आशीष आर्य सहित टीम के अन्य सदस्य शामिल रहे।





