विवादों में  एमपी पीएससी, आईएएस सचिव रेणु पंत पर गिर सकती है गाज

विवादों में एमपी पीएससी, आईएएस सचिव रेणु पंत पर गिर सकती है गाज

मीडियावाला.इन।

भोपाल: पीएससी की परीक्षा में आदिवासियों के खिलाफ अपमानजनक शब्दों का उपयोग किए जाने के मामले में राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों में बवाल मचा हुआ है। इस मामले में सरकार की किरकिरी को देखते हुए और  इस बवाल को शांत करने के लिए आयोग की सचिव रेणु पंत के खिलाफ कभी भी गाज गिर सकती है।  उनका हटना तय माना जा रहा है। रेनू 2000 बैच की वरिष्ठ आईएएस अधिकारी हैं।

ऐसा नहीं है कि पीएसी में यही एक मामला हो। इसके कुछ दिन पहले भी एमपीपीएससी उस समय चर्चा में आया था जब पीएससी परीक्षा मैं व्यापम घोटाले से जुड़े दो सेवानिवृत्त  आईएएस  को पर्यवेक्षक बनाया गया था। जैसे ही यह बात बाहर आई उन्हें तत्काल हटाना पड़ा था। उस बवाल को निपटाने के बाद अब एमपीपीएससी में यह नया बवाल पैदा हो गया है। इस बार मामला ज्यादा गंभीर है क्योंकि यह सीधा सीधा आदिवासियों के अपमान से जुड़ा हुआ है और इसको लेकर न सिर्फ कांग्रेस पार्टी के आदिवासी मंत्री और विधायक आयोग के जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं वरन बीजेपी  के विधायक और नेता भी इस मामले में सख्त  कार्रवाई करने को लेकर प्रदर्शन भी कर रहे हैं।
दरअसल मामला उस समय शुरू हुआ जब पीएससी परीक्षा में भीलों को शराबी, अपराधी बताने संबंधी कोई प्रश्न पूछा गया था हालांकि लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष ने इस मामले में पेपर सैटर और मॉडरेटर को नोटिस जारी करने की बात कही है लेकिन इससे मामला निपटेगा, ऐसा लगता नहीं है।                         इसी बीच इस मामले में भाजपा ने आज भील बाहुल्य 5 जिलों में कलेक्टरों को राज्यपाल के नाम ज्ञापन दिए हैं।

 

0 comments      

Add Comment