WhatsApp Image 2025 08 07 At 9.31.47 PM
Home मीडियावाला ख़ास

No GST or Service Tax on Lawyers : अकेले वकालत कर रहे वकीलों पर GST या सर्विस टैक्स नहीं, ओडिशा हाई कोर्ट के निर्देश!

जानिए क्या था मामला जिसे लेकर हाई कोर्ट ने यह सख्त निर्देश जारी किया!

No GST or Service Tax on Lawyers : अकेले वकालत कर रहे वकीलों पर GST या सर्विस टैक्स नहीं, ओडिशा हाई कोर्ट के निर्देश

 

Cuttak : ओडिशा हाईकोर्ट ने जीएसटी और सर्विस टैक्स विभागों को यह याद दिलाया कि वे वकालत कर रहे वकीलों को जीएसटी या सर्विस टैक्स लगाने के लिए नोटिस देकर परेशान न करें। चीफ जस्टिस हरीश टंडन और जस्टिस बीपी रथौड़ की खंडपीठ ने भुवनेश्वर के एक वकील को सर्विस टैक्स के रूप में 2,14,600 और 2,34,600 के जुर्माने तथा ब्याज के लिए भेजा गया नोटिस खारिज कर दिया।

अदालत ने कहा कि इस स्वीकार्य तथ्य को देखते हुए कि याचिकाकर्ता प्रैक्टिस करने वाले वकील हैं। विभाग को यह मानना होगा कि याचिकाकर्ता की वकालत से हुई इनकम पर सर्विस टैक्स नहीं लगाया जा सकता। याचिकाकर्ता ने अदालत से अनुरोध किया था कि चूंकि वह स्वतंत्र रूप से वकालत करने वाले वकील हैं, इसलिए संबंधित विभागों को उनके खिलाफ कोई कार्रवाई करने से रोका जाए। दूसरी ओर, विभाग ने कहा कि वित्त अधिनियम का उल्लंघन करने पर याचिकाकर्ता को नोटिस जारी किया गया।

हाईकोर्ट ने जीएसटी कमिश्नर द्वारा जारी निर्देशों का हवाला दिया, जिसमें स्पष्ट किया गया कि व्यक्तिगत वकील या वकीलों की साझेदारी फर्म द्वारा गैर-व्यवसायिक इकाइयों या उन व्यवसायिक इकाइयों को जो पिछले वित्त वर्ष में 10 लाख रुपये से कम का टर्नओवर रखते हैं, उनकी कानूनी सेवाओं पर सर्विस टैक्स नहीं लगाया जाएगा।

इस आधार पर कोर्ट ने उस हिस्से को रद्द कर दिया, जिसमें याचिकाकर्ता की वकालत से हुई इनकम पर सर्विस टैक्स की मांग की गई थी। कोर्ट ने समकोणीय पीठ के निर्णय पर भरोसा जताया, जिसमें कहा गया कि वकीलों को सर्विस टैक्स या जीएसटी के भुगतान के लिए नोटिस देकर परेशान नहीं किया जाना चाहिए।

ऐसा पहले के निर्णय में कहा गया था कि जो वकील कानूनी सेवाएं प्रदान करते हैं और जीएसटी व्यवस्था के तहत नकारात्मक सूची में आते हैं, उनसे सर्विस टैक्स या जीएसटी की मांग करते हुए कोई नोटिस जारी नहीं किया जाएगा। कोर्ट ने विभाग को यह स्वतंत्रता दी कि याचिकाकर्ता द्वारा घोषित संपत्ति से हुई आय पर कानून के अनुसार सर्विस टैक्स लगाया जा सकता है।