
Pratima Bagri Case: हाई कोर्ट ने दिया निर्देश, 2 महीने में जाति प्रमाण पत्र की जांच करें
गणेश पांडे की रिपोर्ट
भोपाल : मप्र सरकार में राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) प्रतिमा बागरी के जाति प्रमाण पत्र को लेकर जबलपुर हाईकोर्ट ने सख्त रुख अपनाते हुए 60 दिनों (दो महीने) के भीतर मामले की जांच पूरी करने के निर्देश दिए हैं।
कांग्रेस नेता प्रदीप अहिरवार ने याचिका दायर कर आरोप लगाया है कि सतना जिले की रैगांव (SC आरक्षित) विधानसभा सीट से विधायक प्रतिमा बागरी ने फर्जी जाति प्रमाण पत्र का इस्तेमाल किया है।

आरोप है कि वे अनुसूचित जाति (SC) नहीं, बल्कि राजपूत/ठाकुर समुदाय से संबंध रखती हैं और गलत तरीके से SC आरक्षण का लाभ उठा रही हैं।
हाईकोर्ट के निर्देश: कोर्ट ने छानबीन समिति (Scrutiny Committee) को इस मामले की जांच 60 दिनों के भीतर पूरी करने का निर्देश दिया है।





