धार भोजशाला विवाद पर अभी आने वाला है हाई कोर्ट का फैसला, अलर्ट मोड पर प्रशासन, दोनों पक्षों ने जताया न्यायालय पर भरोसा

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धार भोजशाला विवाद पर अभी आने वाला है हाई कोर्ट का फैसला, अलर्ट मोड पर प्रशासन, दोनों पक्षों ने जताया न्यायालय पर भरोसा

धार से छोटू शास्त्री की रिपोर्ट

धार । धार की ऐतिहासिक भोजशाला से जुड़े लंबे समय से चल रहे विवाद पर आज हाईकोर्ट अपना फैसला सुनाने वाला है। अब कभी भी हाई कोर्ट का फैसला आ सकता है।

अदालत की वेबसाइट पर भी निर्णय जारी होने की सूचना प्रदर्शित की गई है। फैसले को देखते हुए जिले में प्रशासन और पुलिस पूरी तरह अलर्ट मोड पर है।

जानकारी के अनुसार वर्ष 2024 में भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग द्वारा भोजशाला परिसर और उसके आसपास करीब 98 दिनों तक वैज्ञानिक सर्वे कराया गया था। सर्वे के बाद तैयार रिपोर्ट हाईकोर्ट में प्रस्तुत की गई, जिस पर दोनों पक्षों की विस्तृत सुनवाई पूरी होने के बाद अब आज निर्णय आने की संभावना है। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए जिले में धारा 163 लागू कर दी गई है।

इधर शुक्रवार होने के कारण परंपरा के अनुसार मुस्लिम समाज द्वारा दोपहर 1 बजे से 3 बजे तक भोजशाला परिसर में नमाज अदा की जाएगी। इसे ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने परिसर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर बैरिकेडिंग की है। सोशल मीडिया पर भी एडवाइजरी जारी कर लोगों से अफवाहों से दूर रहने की अपील की गई है।

प्रशासन की ओर से कलेक्टर ने नागरिकों से शांति और सौहार्द बनाए रखने का आग्रह किया है।

हिंदू पक्ष ने कहा कि उन्हें न्यायालय पर पूरा भरोसा है और सर्वे में मिले साक्ष्य उनके पक्ष को मजबूत करते हैं।

निश्चित ही आज गौशाला का परिणाम आने वाला है। चूंकि धार का हिंदू समाज सदियों से संघर्ष रहा है। 1952 से भोज उत्सव समिति की स्थापना, 1937 में हिंदू महासभा का संघर्ष और उसके बाद से निरंतर हिंदू समाज अपनी माँ के मंदिर को पाने के लिए प्रतीक्षारत रहा। बाद में प्रक्रिया न्यायालय हुई और पिछले चार सालों से न्यायालय में प्रकरण चल रहा था। 60 दिन की निरंतर सुनवाई, 60 घंटे सुनवाई और उसके पश्चात आज परिणाम। तो निश्चित ही परिणाम जैसा ऐसे सर्वे के साथ 98 दिनों का सर्वे हुआ और 2100 पन्नों की जो रिपोर्ट निकली, उस रिपोर्ट में जो साक्ष्य निकले वो हिंदू मंदिर के निकले। आप सभी के सामने हैं और आने वाले समय में जो अब परिणाम आज आने वाला है, परिषद हिंदू समाज के पक्ष में आने वाला है क्योंकि भोजशाला को सर्वे की जरूरत नहीं थी। भोजशाला का प्रत्येक खंभा चीख-चीख कर कह रहा है कि ये हिंदू मंदिर है। प्रत्येक खंभे पर घंटे, घड़ियाल, शंख, चक्र, वराह की मूर्तियां, विशाल हवन कुंड और दो शिलालेख जिसमें स्पष्ट लिखा है ओम सरस्वती नमः, ओम नमः शिवाय। ये साक्ष्य सिद्ध करते हैं कि ये भोजशाला है और क्योंकि मामला प्रकरण न्यायालय में विचाराधीन था, आज उसका निर्णय है। हिंदू समाज के पक्ष में आएगा क्योंकि हम भारतीय हैं और हम भारत की न्यायपालिका पर पूर्ण विश्वास करते हैं। जो भी डिसीजन आएगा, हिंदू समाज उसे स्वीकार करेगा।

मुस्लिम पक्ष का कहना है की उन्होंने कोर्ट में अपने सभी साक्ष्य रखे हैं और उन्हें न्यायालय पर पूरा भरोसा है। उन्होंने लोगों से अमन और भाईचारा बनाए रखने की अपील भी की।

हम भी आप लोगों से ही सुनते हैं, आप ही लोगों से एजुकेटेड होते हैं और हमको भी पता चल रहा है कि हाई कोर्ट आज फैसला देने वाला है। तो हमारे वरिष्ठ वकील जनाब सलमान खुर्शीद साहब, शोमा मेनन जी और आरसी अहमद साहब सभी लोगों ने बहुत अच्छी तरह आर्ग्युमेंट रखे और जो मस्जिद के सबूत थे वो भी रखे। तो इसको लेकर हम आश्वस्त हैं कि फैसला यकीनन हमारे पक्ष में ही आएगा क्योंकि इस मस्जिद को लेकर पिछले 800 साल से हम लोग नमाज़ पढ़ रहे हैं और पूरे डॉक्यूमेंट्स जो मराठा स्टेट के थे जिनमें ये कहा गया था कि ये मस्जिद है, मस्जिद रहेगी। जिस तरह आज 1935 से नमाज़ हो रही है, आइंदा भी उसमें नमाज़ होती रहेगी। तो उसको लेकर हम आश्वस्त हैं कि फैसला हमारे पक्ष में ही आएगा। बिलकुल सभी लोगों से अपील करता हूँ कि जो भी फैसला आए वो किसी भी समुदाय के पक्ष या विपक्ष में हो तो उसके लिए कोई अवसर समाप्त नहीं होते हैं। माननीय सुप्रीम कोर्ट का रास्ता खुला है। इसमें व्यक्ति उच्चतम न्यायालय जा सकता है। जिस तरह अभी आप देख रहे हैं शहर में पीसफुल माहौल है, गंगा जमुनी तहजीब है, उसी तरह गंगा जमुनी तहजीब बनी रहेगी। और हम तो समाज के साथ खड़े हैं, पूरे शहर के साथ खड़े हैं और यही अपील करते हैं कि अमन और सुकून यहाँ पर बाकी रहे। और अगर किसी को ये लगता है कि कुछ गलत है तो वह उच्चतम न्यायालय जा सकता है उसमें।

वहीं पुलिस विभाग ने संवेदनशील क्षेत्रों में बल तैनात कर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं।

धार जिले में पुरातत्व विभाग के द्वारा जो संरक्षित भूमि है उसपे आज माननीय उच्च न्यायालय का निर्णय आना है और जो भी उच्च न्यायालय के निर्णय आता है उसका जो पालन है सरसम्मति से धार की जो जनता है और प्रशासन है, पुलिस है, उसको इम्प्लीमेंट कराएगा।

मेरी सभी नगरवासियों से यही अपील है। शांति, भाईचारा सौहार्द बनाकर रखें।जो भी व्यक्ति भ्रामक जानकारी देता है या फिर माहौल बिगाडने की कोशिश करता है तो हम लोग कड़ी से कड़ी कठोर से कठोर कार्रवाई करेंगे प्राथमिकता यही है कि लॉ एंड ऑर्डर प्रॉपर मेंटेन रहे।

इसको लेकर सिक्योरिटी लगाई गई है। 1000 से ऊपर के बल से शहर शहर में है और सभी जो मिश्रित आबादी के क्षेत्र है, पेट्रोलिंग है, फिक्स पॉइंट्स है, वो इन प्लेस है।

कहीं से भी किसी प्रकार का होता है त्वरित इसमें हम कार्रवाई करेंगे।