WhatsApp Image 2025 08 07 At 9.31.47 PM
Home खबरों की खबर

महिला पार्षद के बेटे ने की नगरपालिका सीएमओ से हाथापाई, वीडियो वायरल

महिला पार्षद के बेटे ने की नगरपालिका सीएमओ से हाथापाई, वीडियो वायरल

भिण्ड से परानिधेश भारद्वाज की रिपोर्ट

भिंड जिले के गोहद नगर पालिका में बैठक के दौरान के उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब वार्ड 16 की पार्षद राजाबेटी का बेटा बल्लू सैमर जबरन अंदर घुस आया और जमकर हंगामा किया। इस दौरान उसने सीएमओ महेश चंद्र जाटव के साथ हाथापाई और गाली गलौच भी की। घटना के बाद सीएमओ की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ शासकीय कार्य मे बाधा डालने सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। सीएमओ के साथ हाथापाई के वीडियो भी सामने आए हैं।

जानकारी के मुताबिक गोहद नगरपालिका सीएमओ महेश चंद्र जाटव अपने कर्मचारी मुकेश चौरसिया, पपेन्द्र जाटव और अन्य कर्मचारियों एवं पार्षदों के साथ मीटिंग हॉल में कार्य कर रहे थे। इसी दौरान बल्लू सैमर अचानक बैठक में पहुंचा और वार्ड में रहने वाले अमर सिंह जाटव के खिलाफ की गई शिकायत पर कार्रवाई न होने को लेकर नाराजगी जताने लगा। बताया जा रहा है कि निर्माणाधीन मकान का काम बंद कराने और कर्मचारियों के वेतन भुगतान को लेकर भी वह आक्रोशित था। सीएमओ द्वारा नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन दिए जाने के बावजूद आरोपी भड़क गया। सीएमओ के अनुसार आरोपी ने सीएमओ की कॉलर पकड़कर उन्हें जोर से धक्का दे दिया, जिससे वे कुर्सी से नीचे गिर पड़े। गिरने से उनके बाएं हाथ की कलाई में चोट आई और खून निकल आया। मौके पर मौजूद अन्य लोगों ने बीच-बचाव कर स्थिति को संभाला। आरोप है कि जाते-जाते बल्लू सैमर ने सीएमओ से गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी भी दी।

घटना के बाद सीएमओ महेश चंद्र जाटव ने थाने पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ शासकीय कार्य में बाधा, मारपीट और धमकाने सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि आरोपी की तलाश की जा रही है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

 

बताया जा रहा है कि महिला पार्षद कांग्रेस पार्टी से हैं ऐसे में घटना को लेकर क्षेत्रीय कांग्रेस विधायक केशव देसाई से जब मीडिया ने सवाल किया तो वह आरोपी का बचाव करते नजर आए। उन्होंने कहा कि मारपीट नहीं हुई, केवल मुंहवाद हुआ है। हालांकि मीडिया द्वारा वीडियो होने की बात कहने पर उन्होंने कहा कि टीआई जाने कौन अपराधी है।

आपको बता दें कि महिलाओं को आरक्षण देकर उन्हें निकायों में पहुंचा तो दिया जाता है लेकिन उनका कार्य अधिकांशतः महिलाओं के पति, बेटे, चाचा, ससुर, देवर अथवा जेठ करते नजर आते हैं। महिलाओं की जगह उनको ही पार्षद का तमगा दिया जाता है। बैठकों में भी वही लोग हिस्सा लेते हैं। फिलहाल गोहदनगर पालिका परिसर में इस घटना को लेकर चर्चाओं का दौर जारी है।