
Kissa-A-IAS: IAS Anu Kumari: 2 साल के बेटे से 2 साल दूर रह करी तैयारी, दूसरे प्रयास में बनी IAS
सुरेश तिवारी

केरल कैडर में 2018 बैच की भारतीय प्रशासनिक सेवा की अधिकारी अनु कुमारी वर्तमान में तिरुवनंतपुरम की कलेक्टर है। आईएएस बनने की उनकी कहानी अन्य कहानियों की तुलना में बिल्कुल अलग है जहां शादी के बाद के अपने संघर्ष होते है। उससे भी ज्यादा पीड़ा एक मां को उस समय होती है जब उसे अपने 2 साल के बेटे को अलग रखना पड़ता है,वह भी दो-चार दिन के लिए नहीं बल्कि 2 साल के लिए। लेकिन, IAS अधिकारी बनने के अपने लक्ष्य को हासिल करने के लिए अनु कुमारी ने यह भी किया। हालांकि उन्हें पहले साल में सफलता नहीं मिली लेकिन दूसरे साल में उन्होंने वह कर दिखाया जिसका सपना वह बचपन से देखते आ रही थी।

संघ लोक सेवा आयोग की सिविल सेवा परीक्षा देश और दुनिया की सबसे कठिन परीक्षा में से एक है. जितनी टफ परीक्षा है, उतनी ही टफ है इसकी तैयारी. तैयारी और भी ज्यादा मुश्किल हो जाती है, जब एक मां अपने कुछ ही महीने के बच्चे से दूर रहकर तैयारी करती हो. लेकिन इस कठिन परीक्षा को भी झेलते हुए अनु कुमारी पूरी तरह संकल्पित थी अपने लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए।
हालांकि, पहली बार में उन्हें सफलता नहीं मिली थी. लेकिन दूसरे प्रयास में उन्हें सफलता मिली।

IAS Anu Kumari हरियाणा के सोनीपत की रहने वाली हैं. स्कूल पढ़ाई के बाद उन्होंने दिल्ली यूनिवर्सिटी से की है. फिजिक्स से BSc किया है. इसके बाद उन्होंने IMT नागपुर से MBA किया. MBA पूरा करने के बाद अनु कुमारी को बड़ी IT कंपनी में नौकरी मिल गई. लेकिन वे अपनी नौकरी से खुश नहीं थीं. यही कारण है कि उन्होंने यूपीएससी की तैयारी करने का सोचा. उन्होंने अपने इंटरव्यू में भी बताया था कि वे नौकरी तो कर रही थीं लेकिन अंदर से संतुष्ट नहीं थीं.

*दो साल बेटे से रहीं दूर*
साल 2012 में उनकी शादी हुई और वे गुरुग्राम में रहने लगीं. कुछ समय बाद वे मां बनीं, लेकिन सिविल सेवा में जाने का सपना अभी भी उनके मन में था. ऐसे में उन्होंने दिल पर पत्थर रखकर अपने बेटे को अपने से दूर मां के पास भेज दिया और फिर UPSC की तैयारी शुरू की. एक मां के रूप में ये उनकी लाइफ का सबसे कठिन फैसला था.

*दूसरे प्रयास में मिली सफलता*
पहले प्रयास में वे यूपीएससी परीक्षा केवल एक अंक से चूक गईं. हालांकि उन्होंने हार नहीं मानी. कड़ी मेहनत और दृढ़ संकल्प के बल पर दूसरे प्रयास में साल 2017 में उन्होंने ऑल इंडिया रैंक 2 हासिल कर इतिहास रच दिया.

आज अनु कुमारी केरल के तिरुवनंतपुरम में जिला कलेक्टर के पद पर कार्यरत हैं. अनु कुमारी की उन लाखों महिलाओं के लिए प्रेरणा बन चुकी है, जो शादी के बाद अपने सपने को भूल जाती हैं.
अनु कुमारी उन चुनिंदा IAS में से हैं, जो ग्राउंड पर काफी एक्टिव रहती हैं. उन्होंने केरल में अपनी पोस्टिंग के दौरान यहां की ट्राइबल कम्युनिटी, कल्चर और ट्रेडिशन को सपोर्ट किया है.

अनु जुलाई 2024 से तिरुवनंतपुरम की कलेक्टर है। इससे पहले वे केरल राज्य आईटी मिशन की निदेशक के रूप में कार्यरत थीं।
हाल ही में अनु कुमारी को Best District Election Officer Award से नवाजा गया है.





