
Anti-Corruption Bureau Action : बंद पड़ी ऑयल मिल का 11.10 करोड़ में सौदा किया 25 लाख वसूले, जांच करने भीलवाड़ा पंहुची रतलाम पुलिस का HC 50 हजार की रिश्वत लेते धराया!
भीलवाड़ा से मीडियावाला के ब्यूरोचीफ रमेश सोनी की विशेष खबर!
Bhilwara/Ratlam : गोसाईं साहब नमस्कार, मैं रतलाम से रमेश सोनी बात कर रहा हूं मैं पत्रकार हुं और आपसे यह जानना चाहता हूं कि आपने 2-3 दिन पहले औद्योगिक क्षेत्र थाना पुलिस ने एक तेल के डिब्बे को चोरी करने वाले युवक को गिरफ्तार किया था। आप बताइए कि वह अभी कहा हैं? जी सर उसे हमने न्यायालय में पेश किया था जहां से उसे जेल भेज दिया गया हैं। अच्छा एक बात बताओं कि जिस व्यापारी को यह युवक तेल के डिब्बे सस्ते दामों पर बेच देता था उसका नाम क्या हैं? देखिए सर मैं इस वक्त राजस्थान के भीलवाड़ा आया हुआ हुं और यहां न्यायालय में मेरी पेशी हैं। इसके बाद रमेश सोनी ने कहा कि सर मैं भी भीलवाड़ा में ही मौजूद हुं तो सर आप न्यायालय में आकर भले ही मुझसे मिल लीजिए अन्यथा मैं कल रतलाम पहुंचकर केस डायरी देखकर आपको व्यापारी का नाम बता दुंगा। ठीक है साहब आप रतलाम पहुंचकर मुझे कल व्यापारी का नाम बताएं तब एक खबर और जारी करुंगा।
जी हां यह बात सोमवार को मीडियावाला के ब्यूरोचीफ रमेश सोनी से रतलाम में पदस्थ हेड कांस्टेबल तपेश गोसाईं से हुई थी और रमेश सोनी भी भीलवाड़ा में ही मौजूद थे। इतनी बात इसलिए लिखना पड़ रहीं हैं कि जो हेड कांस्टेबल तपेश गोसाईं भीलवाड़ा स्थित न्यायालय में पेशी पर जाने की बात कर रहा था दरअसल वह वहां पर रिश्वत लेने पंहुचा था और उसको रिश्वत लेते हुए एसीबी की द्वितीय टीम ने सोमवार शाम को होटल रॉयल एम्बेसी में तपेश गोसाईं को 50 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया था।
तो आइए हम आपको बता रहें हैं इस घुसखोर हेड कांस्टेबल का पुरा वाक्या!
शहर के जूनावास निवासी आरोपी मोहम्मद लियाकत पिता सफी मौहम्मद के साथ मार-पीट न करने और उसे कानूनी सहायता दिलाने के ऐवज में रतलाम के औद्योगिक क्षेत्र थाना में पदस्थ हेड कांस्टेबल तपेश गोसाईं ने धोखाधड़ी के आरोपी के भाई शराफत शेख से 1.10 लाख रुपए की रिश्वत मांगी थी। इतना ही नहीं हेड कांस्टेबल तपेश गोसाईं ने परिवादी शराफत शेख को धमकाया था कि वह उसके 70 वर्षीय बुजुर्ग भाई को हथकड़ी लगाकर भीलवाड़ा शहर में घुमाएगा और उनकी इज्जत खराब कर देगा। गोसाईं ने इसके अलावा उसके रिश्तेदारों को सायबर क्राइम के मामलों में फंसाकर जेल भेजने के बाद जेल में भी मारपीट करने की बात कहते हुए धमकाया था। इसके बाद रतलाम औद्योगिक क्षेत्र थाने से 1 एएसआई सहित 4 सदस्यों की टीम सर्किट हाउस के पास एक होटल में ठहरी हुई थी शिकायत के सत्यापन के दौरान यह बात सामने आई कि हेड कांस्टेबल तपेश गोसाईं पहले ही 10 हजार रुपए वसूल चुका था। इसके बाद एसीबी-द्वितीय की टीम सोमवार शाम भीलवाड़ा की होटल रॉयल एम्बेसी में पहुंची थी यहां कमरा नम्बर 104 में हेड कांस्टेबल तपेश गोसाईं को 50 हजार रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों दबोच लिया!
आपको बता दें कि रतलाम की 80 फीट रोड़ निवासी जो मूलतः दांथल के रहने वाले व्यापारी रतन जांगिड़ ने शहर की औद्योगिक क्षेत्र थाना में जूनावास निवासी मोहम्मद लियाकत पिता शफी मोहम्मद शेख के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। जिसमें बताया गया था कि जनवरी 2025 में मोहम्मद लियाकत से मुलाकात हुई थी। उसने खुद को प्रापर्टी ब्रोकर बताते हुए रतलाम में नए आरटीओ कार्यालय के सामने स्थित बंद पड़ी ऑयल मिल और उसकी जमीन का सौदा 11 करोड़ 10 लाख रुपए में किया था। लियाकत ने अलग-अलग माध्यम से 25 लाख 76 हजार रुपए वसूले थे और मालिक से मुलाकात नहीं करवाई थी और ना ही इस संदर्भ में अनुबंध करवाया था। औद्योगिक क्षेत्र थाना पुलिस ने आरोपी मोहम्मद लियाकत शेख के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच के लिए रविवार को राजस्थान के भीलवाड़ा लेकर आए।
हेड कांस्टेबल तपेश गोसाईं ने जब 1.10 लाख रुपए की रिश्वत की डिमांड की थी सोमवार को जब आरोपी शेष राशि में से 50 हजार रुपए ले रहा था तब एसीबी के उप अधीक्षक नरपतसिंह चारण के नेतृत्व में टीम ने उसे दबोच लिया था और रिश्वत की राशि आरोपी की वर्दी की पैन्ट की जेब से बरामद की। एसीबी की कार्रवाई के दौरान कांस्टेबल तपेश गोसाईं अपनी टीम से अलग होटल के कमरा नंबर 104 में था उसने परिवादी से इसी कमरे में रुपए मंगवाएं थे। एएसआई सहित बाकी 4 सदस्यों की टीम कमरा नंबर 105 में थी!






