
Difficult but Successful Rescue: बेल्ट-रुमाल रस्सी बने जीवन की डोर: चोरल नदी के तेज बहाव में फंसे इंदौर के 3 युवकों को ग्रामीणों ने बचाया
खरगोन। मध्य प्रदेश के खरगोन जिले के बड़वाह के पास रविवार शाम बड़ा हादसा टल गया। चोरल नदी में अचानक जलस्तर बढ़ने से बीच धारा में फंसे इंदौर के तीन युवकों को स्थानीय युवाओं ने बेल्ट, रुमाल और कपड़ों को जोड़कर बनाई गई अस्थायी रस्सी के सहारे सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
घटना शाम करीब छह बजे सिद्धवर कूट रोड स्थित चौड़ा पाट की है, जो बड़वाह से करीब पांच किलोमीटर दूर है। जानकारी के अनुसार इंदौर के तीन युवक पिकनिक मनाने के लिए चोरल नदी पहुंचे थे। इसी दौरान ऊपरी क्षेत्र में हुई तेज बारिश के कारण नदी का जलस्तर कुछ ही मिनटों में तेजी से बढ़ गया। देखते ही देखते घुटनों तक का पानी कमर से ऊपर पहुंच गया और तेज बहाव के कारण तीनों युवक नदी के बीच फंस गए।
युवकों की मदद की पुकार सुनकर वहां से गुजर रहे शिव मुवेल और अनिल केवट तुरंत मौके पर पहुंचे। उनकी आवाज सुनकर अन्य राहगीर भी एकत्र हो गए। मौके पर कोई रेस्क्यू उपकरण उपलब्ध नहीं था, इसलिए ग्रामीणों ने पास में मौजूद रस्सियों के साथ बेल्ट, रुमाल और कपड़ों को जोड़कर लंबी रस्सी तैयार की।
करीब 12 फीट ऊंची पुलिया से लगभग 15 फीट दूर फंसे युवकों की ओर रस्सी फेंकी गई। पहले दो युवकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, लेकिन तीसरे युवक को बचाने के दौरान रस्सी में बंधा रुमाल फट गया और वह दोबारा तेज बहाव में गिर पड़ा। इसके बावजूद ग्रामीणों ने हिम्मत नहीं हारी। उन्होंने बेल्ट और कपड़ों से रस्सी को फिर मजबूत किया और दूसरी कोशिश में तीसरे युवक को भी सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
इस साहसिक रेस्क्यू अभियान में शिव मुवेल, अनिल केवट, अली कुरैशी, फर्दीन खान, समीर शेख, सलमान शेख और शाहरुख शेख की अहम भूमिका रही। उनकी तत्परता और सूझबूझ से तीन युवकों की जान बच गई।
सुरक्षित बाहर आने के बाद तीनों युवकों ने स्थानीय लोगों का आभार व्यक्त किया और बाद में इंदौर के लिए रवाना हो गए।
घटना के बाद प्रशासन ने लोगों से मानसून के दौरान नदियों, नालों और झरनों से दूर रहने की अपील की है। अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि ऊपरी क्षेत्रों में बारिश होने पर चोरल जैसी पहाड़ी नदियों का जलस्तर कुछ ही मिनटों में खतरनाक स्तर तक पहुंच सकता है।




