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बता दें कि श्रीमती मोघे वर्षों से निरंतर समाजसेवा क्षेत्र में अपनी सेवाएं देती रही और जाते-जाते भी अपनी आंखों को 2 लोगों के जीवन में उजियारा होने के लिए दान कर गई। मेडिकल कॉलेज की डीन डॉ अनीता मुथा के निर्देश पर समाजसेवी गोविन्द काकानी ने उनके घर पंहुचकर प्रशस्ति पत्र परिजनों को प्रदान किया।





