
छत्तीसगढ़ में मानसून सक्रिय, रायपुर बिलासपुर सहित कई जिलों में भारी वर्षा का अलर्ट
विनोद काशिव की रिपोर्ट
रायपुर:छत्तीसगढ़ में दक्षिण-पश्चिम मानसून पूरी तरह सक्रिय हो गया है। मौसम विभाग ने आगामी 24 से 48 घंटों के दौरान राज्य के कई जिलों में गरज-चमक, तेज हवाओं और भारी वर्षा की संभावना जताई है। विशेष रूप से रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग, राजनांदगांव, बलौदाबाजार, महासमुंद, जांजगीर-चांपा, रायगढ़, कोरबा, सरगुजा तथा बस्तर संभाग के अनेक क्षेत्रों में मध्यम से भारी बारिश होने के आसार हैं।
राजधानी रायपुर में शुक्रवार सुबह से ही आसमान में काले और घने बादल छाए हुए हैं। मौसम केंद्र ने आज शहर में गरज-चमक के साथ तेज बौछारें पड़ने और आंधी चलने की संभावना जताई है। आज रायपुर का अधिकतम तापमान बत्तीस डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान छब्बीस डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार बंगाल की खाड़ी से लगातार नमी मिलने और मानसूनी तंत्र के सक्रिय रहने के कारण प्रदेश में वर्षा की गतिविधियां तेज बनी हुई हैं। कई स्थानों पर गरज-चमक के साथ बिजली गिरने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना भी जताई गई
राजधानी रायपुर और बिलासपुर सहित मध्य एवं उत्तरी छत्तीसगढ़ में रुक-रुककर बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। निचले इलाकों में जलभराव, यातायात प्रभावित होने तथा नदी-नालों के जलस्तर में वृद्धि की आशंका व्यक्त की गई है।
मौसम विभाग ने नागरिकों से खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने, बिजली चमकने के समय खुले मैदानों और पेड़ों के नीचे खड़े नहीं होने तथा किसानों को मौसम का पूर्वानुमान देखकर कृषि कार्य करने की सलाह दी है। प्रशासन को भी संभावित जलभराव और आपदा की स्थिति से निपटने के लिए सतर्क रहने को कहा गया है।
विशेषज्ञों का कहना है कि अगले कुछ दिनों तक पूरे प्रदेश में मानसून सक्रिय रहेगा और अधिकांश जिलों में हल्की से मध्यम वर्षा के साथ कुछ स्थानों पर भारी वर्षा होने की संभावना बनी रहेगी। इससे खरीफ फसलों की बुवाई को गति मिलने की उम्मीद है, हालांकि अत्यधिक वर्षा वाले क्षेत्रों में जलभराव और फसल क्षति का खतरा भी बना रहेगा।





