
मुंबई: चेंबूर में स्कूल बस पर गिरा विशाल पेड़; 11 वर्षीय छात्र की मौत, 4 अन्य छात्र घायल
कीर्ति कापसे की रिपोर्ट
मुंबई: मुंबई के चेंबूर इलाके में मंगलवार दोपहर को एक दर्दनाक वास्तविक हादसा हुआ। भारी बारिश के बीच रोड नंबर-11 पर स्थित हेरिटेज प्राइड इमारत के पास, सड़क किनारे लगा एक विशाल पीपल का पेड़ अचानक ‘यूनिवर्सल हाई स्कूल’ (तिलक नगर) की बस पर गिर गया। इस दुखद घटना में 11 वर्षीय एक छात्र की मौत हो गई, जबकि चार अन्य छात्र घायल हुए हैं।
वास्तविक घटनाक्रम और राहत कार्य
स्थानीय समय अनुसार यह घटना दोपहर लगभग 2:50 बजे हुई। जब यह पेड़ गिरा, तब बस (MH03/CV-7439) में कुल 18 छात्र सवार थे, जो स्कूल की छुट्टी के बाद घर लौट रहे थे।
घटना के बाद स्थानीय लोगों की मदद:
पेड़ गिरते ही बस का एक हिस्सा पूरी तरह दब गया। दमकल विभाग के पहुंचने से पहले ही बस के अटेंडेंट (कंडक्टर) और स्थानीय निवासियों ने तत्परता दिखाते हुए 12 बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
बचाव दल की कार्रवाई:
सूचना मिलते ही मुंबई फायर ब्रिगेड, मुंबई पुलिस, और बीएमसी की वार्ड टीम मौके पर पहुंची। क्रेन और कटर मशीनों की मदद से पेड़ के बड़े हिस्सों की और टहनियों को काटकर बस में फंसे अन्य बच्चों को बाहर निकाला गया।
हताहतों की आधिकारिक जानकारी (अस्पताल रिपोर्ट)
सभी प्रभावित बच्चों को तुरंत चेंबूर के ज़ेन अस्पताल (Zen Hospital) ले जाया गया। डॉक्टरों द्वारा दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार मृतक छात्र: 11 वर्षीय छात्र, जिसकी पहचान विहान श्रीवास्तव के रूप में हुई है, उसे अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने ‘ब्रॉट डेड’ (मृत अवस्था में लाया गया) घोषित कर दिया। डॉक्टरों के मुताबिक, विहान के सिर और छाती पर गंभीर चोटें आई थीं।
घायल छात्र: बस में सवार 4 अन्य छात्र (जिनकी उम्र 5 से 10 वर्ष के बीच है) घायल हुए हैं। डॉक्टरों के अनुसार, इन चारों बच्चों की स्थिति स्थिर है और उन्हें मामूली चोटें आई हैं। इनमें से कुछ बच्चों का सीटी स्कैन (CT Scan) किया गया है।
जांच और स्थानीय लोगों में आक्रोश
पुलिस की कार्रवाई: ज़ोन-6 के डीसीपी समीर शेख ने पुष्टि की है कि पुलिस ने इस मामले की जांच शुरू कर दी है।
बीएमसी पर आरोप: घटना के बाद स्थानीय निवासियों ने नगर निगम (BMC) पर गंभीर आरोप लगाए हैं। निवासियों का कहना है कि उन्होंने इस खतरनाक पेड़ की छंटाई और इसे हटाने के लिए पहले भी बीएमसी को लिखित शिकायतें दी थीं, लेकिन प्रशासन ने समय रहते इस पर कोई ध्यान नहीं दिया। फिलहाल बीएमसी के एम-वेस्ट (M-West) वार्ड के अधिकारी पेड़ गिरने के तकनीकी कारणों की जांच कर रहे हैं।





