
जीवनसाथी बना जालसाज: शादी के नाम पर 26.80 लाख ठगे, रूस भागने से पहले गिरफ्तार
के. के. झा की रिपोर्ट
इंदौर। इंदौर क्राइम ब्रांच ने मैट्रिमोनियल वेबसाइट के जरिए शादी का झांसा देकर एक महिला से 26 लाख 80 हजार रुपये से अधिक की ठगी करने वाले आरोपी को दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से गिरफ्तार किया है। आरोपी रूस फरार होने की कोशिश कर रहा था, लेकिन उससे पहले ही पुलिस ने उसे दबोच लिया।
अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (क्राइम) अमरेंद्र सिंह के अनुसार, क्राइम ब्रांच में दर्ज एक प्रकरण में नोएडा निवासी महिला ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उसकी पहचान मैट्रिमोनियल वेबसाइट *जीवनसाथी डॉट कॉम* पर एक व्यक्ति से हुई थी। आरोपी ने स्वयं को मर्चेंट नेवी का अधिकारी बताते हुए महिला से निकटता बढ़ाई और शादी का भरोसा दिलाया।
पुलिस के मुताबिक, बातचीत के दौरान आरोपी ने बीमारी और अन्य व्यक्तिगत समस्याओं का हवाला देकर महिला से अलग-अलग किश्तों में 26 लाख 80 हजार रुपये अपने खाते में ट्रांसफर करा लिए। बाद में जब महिला ने विवाह की बात आगे बढ़ाने का दबाव बनाया तो आरोपी टालमटोल करने लगा और अंततः शादी से साफ इनकार कर दिया।
खुद को ठगा महसूस करने पर महिला ने मामले की शिकायत क्राइम ब्रांच से की। जांच के दौरान पुलिस ने आरोपी की गतिविधियों और लोकेशन का पता लगाया। तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर यह जानकारी मिली कि आरोपी देश छोड़कर विदेश भागने की तैयारी में है।
सूचना मिलने पर क्राइम ब्रांच की टीम ने दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर कार्रवाई करते हुए आरोपी को रूस जाने वाली उड़ान पकड़ने से पहले गिरफ्तार कर लिया। पुलिस उससे पूछताछ कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि उसने इसी तरह की अन्य ठगी की वारदातों को भी अंजाम दिया है या नहीं।
पुलिस अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की है कि ऑनलाइन मैट्रिमोनियल प्लेटफॉर्म पर किसी भी व्यक्ति की पहचान, नौकरी और पारिवारिक पृष्ठभूमि का सत्यापन किए बिना आर्थिक लेन-देन न करें। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की स्थिति में तत्काल पुलिस से संपर्क करें।
क्राइम ब्रांच की इस कार्रवाई को साइबर और मैट्रिमोनियल फ्रॉड के खिलाफ एक महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है। मामले में आगे की जांच जारी है।





