
शिकायतों के अंबार में दबे PNG उपभोक्ता, समाधान के लिए करना होता है एक सप्ताह से एक महीने तक का इंतजार
भोपाल। राजधानी में पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) कनेक्शनों का दायरा लगातार बढ़ रहा है। शहर की कई कॉलोनियों में घर-घर गैस आपूर्ति की व्यवस्था थिंक गैस कंपनी द्वारा की जा रही है, लेकिन उपभोक्ताओं की शिकायतों के निराकरण में हो रही देरी अब बड़ी समस्या बनती जा रही है।
PNG सेवा लेने वाले हजारों उपभोक्ताओं ने कंपनी की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए प्रशासन से हस्तक्षेप की मांग की है। उपभोक्ताओं का आरोप है कि शहर में नए कनेक्शन देने पर तो विशेष जोर दिया जा रहा है, लेकिन पुराने उपभोक्ताओं की समस्याओं के समाधान पर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया जा रहा। कई मामलों में गैस प्रेशर कम होने, मीटर संबंधी गड़बड़ी, पाइपलाइन लीकेज, बिलिंग त्रुटि तथा तकनीकी खराबी जैसी शिकायतों के निराकरण में एक सप्ताह से लेकर एक महीने तक का समय लग रहा है। इससे लोगों को रोजमर्रा के कार्यों में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
शहर की 172 कॉलोनियों में बिछ चुकी है लाइनें
होशंगाबाद रोड, बावड़िया कलां, सलैया, मिसरोद, बाग सेवनियां, कटारा हिल्स, अवधपुरी, साकेत नगर, अयोध्या बायपास रोड सहित अनके स्थानों की कुल 172 कॉलोनियों में पीएनजी नेटवर्क का विस्तार किया जा चुका है और बड़ी संख्या में लोगों ने कनेक्शन भी ले लिए हैं। भोपाल में अब तक 43 हजार से अधिक पीएनजी के कनेक्शन हो चुके हैं। इसके बावजूद शिकायत दर्ज कराने के बाद समय पर समाधान नहीं मिलने से उपभोक्ताओं में नाराजगी बढ़ रही है। लोगों का कहना है कि कंपनी के पास पर्याप्त फील्ड स्टॉफ और तकनीकी कर्मचारियों की कमी दिखाई देती है, जिसके कारण शिकायतों का निपटारा लंबित रहता है।
उपभोक्ताओं को हेल्पलाइन से नहीं मिल हेल्प
उपभोक्ताओं ने यह भी आरोप लगाया कि हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज होने के बावजूद कई बार फॉलोअप करना पड़ता है, तब जाकर संबंधित कर्मचारी मौके पर पहुंचते हैं। रहवासियों का कहना है कि यदि शहर में पीएनजी कनेक्शनों का तेजी से विस्तार किया जा रहा है, तो उसी अनुपात में शिकायत निवारण व्यवस्था को भी मजबूत किया जाना चाहिए।
प्रशासन को करनी चाहिए हस्तक्षेप, जिससे मिल सके सुविधा
लोगों ने जिला प्रशासन और संबंधित विभागों से मांग की है कि पीएनजी सेवा प्रदाता कंपनी की कार्यप्रणाली की समीक्षा कर शिकायतों के तुरंत समाधान के लिए प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि उपभोक्ताओं को समय पर और बेहतर सेवा मिल सके।
चार इमली और 74 बंगले में तेजी से चल रहा है काम
शहर में गैस के संकट को दूर करने के लिए पीएनजी की लाइनें नए इलाकों में बिछाने का काम हो रहा है। अभी दो सबसे बड़े पॉश इलाके चार इमली और 74 बंगला में गैस की भूमिगत लाइन बिछ रही है। ये दोनों इलाके वीआईपी हैं, यही पर 75 फीसदी से ज्यादा मंत्री, सीनियर आईएएस और आईपीएस के बंगले हैं। अधिकांश हिस्से में लाइन बिछाने का काम पूरा हो चुका है। कुछ दिन बाद बंगलों पर कनेक्शन दिए जाने शुरू होंगे। जिन क्षेत्रों में लाइन बिछ रही है, वहां 100 प्रतिशत कनेक्शन देने का लक्ष्य है। वर्तमान में 4 बड़ी कॉलोनियों को लिस्टेड किया है। इनमें बावड़ियाकलां स्थित केराल केनसिप, अवधपुरी स्थित सौम्या पार्कलैंड, अयोध्या बायपास स्थित सागर लैक व्यू होम्स और सलैया स्थित आकृति ग्रीन शामिल हैं।
जिन इलाकों में लाइन बिछेगी, वहां 90 दिन में कनेक्शन अनिवार्य
पीएनजी की अंडरग्राउंड लाइन को लेकर सरकार की नई गाइडलाइन भी आ चुकी है। जिसमें कहा गया है कि जिन इलाकों में लाइन बिछेगी, वहां 90 दिन में कनेक्शन लेना अनिवार्य रहेगा। यदि ऐसा नहीं होता है तो एलपीजी कनेक्शन काट दिया जाएगा।





