
संभागायुक्त डॉ. सुदाम खाड़े ने किया कोक्लियर इंप्लांट रिहैबिलिटेशन क्लिनिक का शुभारंभ
इंदौर: महात्मा गांधी मेमोरियल मेडिकल कॉलेज एवं शासकीय महाराजा यशवंतराव अस्पताल इंदौर के ईएनटी विभाग में कोक्लियर इंप्लांट रिहैबिलिटेशन क्लिनिक का शुभारंभ गत दिवस किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि संभागायुक्त डॉ. सुदाम खाड़े थे। कार्यक्रम में संभागायुक्त डॉ. खाड़े ने कहा कि कोक्लियर इंप्लांट रिहैबिलिटेशन क्लिनिक अपनी तरह की पहली अत्याधुनिक सुविधा है, जहां श्रवणबाधित बच्चों को कोक्लियर इंप्लांट के उपरांत समग्र पुनर्वास सेवाएं निशुल्क उपलब्ध कराई जाएंगी।
इस मौके पर महात्मा गांधी मेमोरियल मेडिकल कॉलेज के डीन डॉ. अरविंद घनघोरिया, एमवाय अस्पताल अधीक्षक डॉ. अशोक यादव, वरिष्ठ कोक्लियर इंप्लांट सर्जन डॉ. एस.पी. दुबे, डॉ. संजय अग्रवाल, डॉ. आर.के. मूदड़ा तथा नोडल अधिकारी डॉ. जफर पठान उपस्थित थे।

ईएनटी की विभागाध्यक्ष डॉ. यामिनी गुप्ता ने बताया कि कार्यक्रम में कोक्लियर इंप्लांट रिहैबिलिटेशन से संबंधित मरीजों की जानकारी पर केन्द्रित पुस्तिका का विमोचन अतिथियों द्वारा किया गया। इस अवसर पर टेलीथेरेपी सेवा की भी शुरुआत की गई। इस सुविधा के माध्यम से दूर-दराज के क्षेत्रों में रहने वाले मरीजों को भी घर बैठे स्पीच थेरेपी और रिहैबिलिटेशन सेवाएं मिल सकेंगी। कार्यक्रम में डॉ. जगराम वर्मा, डॉ. शेनल कोठारी, डॉ. योगिता दीक्षित एवं डॉ. अंशुल शर्मा की भागीदारी रही।
विशेषज्ञों ने बताया कि कोक्लियर इंप्लांट सर्जरी के बाद मरीजों के बेहतर परिणाम के लिए रिहैबिलिटेशन और स्पीच थेरेपी अत्यंत आवश्यक होती है। नए क्लिनिक के माध्यम से मरीजों को एक ही स्थान पर सभी सुविधाएं उपलब्ध होंगी, जिससे उनके सुनने और बोलने की क्षमता में प्रभावी सुधार संभव हो सकेगा। इस प्रकार की आधुनिक सुविधाएं समाज के कमजोर वर्गों के लिए वरदान साबित होंगी और बच्चों के भविष्य को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।





