
अपराध की दुनिया अब ड्रम का कलर नीले से हरा हो गया ,प्रेमी को बुलाया, पति संग मिल कर प्रेमी की ह्त्या कर दी
उत्तर प्रदेश के मेरठ का वह बदनाम नीला ड्रम कांड तो आपको याद ही होगा, जहां मुस्कान नाम की महिला ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर पति की हत्या की थी और लाश को सीमेंट के साथ ड्रम में बंद कर दिया था।
ठीक उसी ढर्रे पर अब मुंबई से सटे मुंब्रा इलाके में एक सनसनीखेज वारदात को अंजाम दिया गया है। फर्क सिर्फ इतना है कि इस बार निशाने पर पति नहीं, बल्कि प्रेमिका का प्रेमी था। एक महिला ने अपने पति और भाई के साथ मिलकर खौफनाक साजिश रची, प्रेमी की जान ली और फिर सबूत मिटाने के लिए उसकी लाश को एक हरे रंग के ड्रम में बंद कर नाले में फेंक दिया।महाराष्ट्र के ठाणे जिले में रिश्तों, लालच और साजिश का खौफनाक मामला सामने आया है. मुंब्रा निवासी अरबाज खान की हत्या उसकी कथित गर्लफ्रेंड महजबीन शेख ने अपने पति, भाई और उसके दोस्त के साथ मिलकर कर दी. बाद में शव को हरे रंग के ड्रम में भरकर नाले में फेंक दिया.
इस पूरे सनसनीखेज मामले की शुरुआत एक गुमशुदगी की रिपोर्ट से हुई। मुंब्रा का रहने वाला अरबाज मकसूद अली खान एक दिन दादर जाने की बात कहकर अपने घर से निकला था। जब वह देर रात तक वापस नहीं लौटा, तो परिवार की चिंता बढ़ गई।
रिश्तेदारों और दोस्तों के यहां काफी खोजबीन करने के बाद भी जब अरबाज का कोई सुराग नहीं मिला, तो उसके परेशान पिता ने मुंब्रा पुलिस स्टेशन का दरवाजा खटखटाया और बेटे के लापता होने की शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस ने अरबाज के मोबाइल की कॉल डिटेल्स और आखिरी लोकेशन खंगाली। जांच में सामने आया कि अरबाज की आखिरी लोकेशन वर्सोवा इलाके में थी। चौंकाने वाली बात यह थी कि ठीक उसी समय उसकी प्रेमिका मेहजबीन शेख की मोबाइल लोकेशन भी उसी दायरे में पाई गई।
इसी शक के आधार पर पुलिस ने मेहजबीन को हिरासत में ले लिया। शुरुआत में तो वह पुलिस को गुमराह करने के लिए लगातार कहानियां गढ़ती रही, लेकिन जब पुलिस ने कड़ाई से पूछताछ की, तो उसने टूटकर जो सच उगला, उसने अधिकारियों के भी होश उड़ा दिए।
मेहजबीन ने कबूल किया कि यह सब एक सोची-समझी साजिश के तहत किया गया था। उसने अपने पति हसन और भाई तारिक शेख के साथ मिलकर अरबाज से मोटी रकम ऐंठने और उसे रास्ते से हटाने का प्लान बनाया था। साजिश के मुताबिक, अरबाज को पैसों के बहाने वर्सोवा बुलाया गया। जब वहां पैसे नहीं मिले, तो आरोपियों ने क्रूरता की सारी हदें पार कर दीं।
अरबाज के हाथ-पैर बांध दिए गए और प्लास्टिक के भारी पाइप से उसे तब तक बेरहमी से पीटा गया, जब तक कि उसकी सांसें नहीं थम गईं। हत्या को अंजाम देने के बाद, आरोपी शव को ठिकाने लगाने के लिए एक बड़ा हरा ड्रम लेकर आए। लाश को उस ड्रम में ठूंसा गया और पहचान छुपाने व सबूत मिटाने के उद्देश्य से उसे मुंब्रा के एक सुनसान नाले में फेंक दिया गया।





