WhatsApp Image 2025 08 07 At 9.31.47 PM
Home न्यूज़ प्रादेशिक

Sickle Cell Disease Eradication : सिकलसेल रोग उन्मूलन के लिए जेनेटिक काउंसलिंग पर ध्यान दें, राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा!

517
WhatsApp Image 2025 05 25 At 16.21.40

Sickle Cell Disease Eradication : सिकलसेल रोग उन्मूलन के लिए जेनेटिक काउंसलिंग पर ध्यान दें, राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा!

‘संकल्प – प्रयास से आशा : एक कदम जागरूकता की ओर’ कार्यक्रम में राज्यपाल ने कहा!

धार से वरिष्ठ पत्रकार छोटू शास्त्री की रिपोर्ट

Dhar : प्रदेश के राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा है कि सिकल सेल को खत्म करने के लिए स्क्रीनिंग के बाद जेनेटिक काउंसलिंग पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने कहा कि धार जिले में 12 लाख लोगों की सिकल सेल स्क्रीनिंग की जा चुकी है, जिनमें से लगभग 25 सौ लोग पॉजिटिव पाए गए हैं। सिकल सेल पॉजिटिव आपस में विवाह नहीं करे, इसकी समझाइश दी जानी चाहिए।

उन्होंने आयुष विभाग द्वारा जन औषधि केंद्रों के माध्यम से दवाइयों की उपलब्धता कराने की जानकारी देते हुए पॉजिटिव पाए गए लोगों से नियमित नियमित दवाई लेने के लिए कहा है। उनको व्यायाम करने, सुपाच्य भोजन करने, ठंडे पानी से नहीं नहाने और अधिक मात्रा में पानी पीने की समझाइए भी दी है। उन्होंने सभी स्टोर्स पर दवाइयों की उपलब्धता और डॉक्टर्स द्वारा जनजागरूकता फैलाने की आवश्यकता पर बल दिया।

WhatsApp Image 2025 05 25 at 16.21.23

यह बात राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने सिकल सेल रोग के उन्मूलन हेतु चलाए जा रहे अभियान के अंतर्गत धार जिले में पीजी कालेज के ऑडोटोरियम में आयोजित जागरूकता कार्यक्रम में सहभागिता करते हुए कही है। उन्होंने जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों द्वारा किए जा रहे कार्यों की सराहना करते हुए उन्हें धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम में लगी प्रदर्शनी को सराहा। राज्यपाल ने सभी लोगों से उसका अवलोकन करने का आग्रह भी किया।

उच्च शिक्षा एवं आयुष मंत्री इंदर सिंह परमार ने बताया कि राज्यपाल द्वारा शुरू किया गया यह अभियान निरंतर जारी है और आयुर्वेद एवं होम्योपैथी चिकित्सा पद्धतियों के माध्यम से भी सिकल सेल के उन्मूलन का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि इस अभियान को छात्र-छात्राओं के बीच भी चलाया जाएगा, और 2047 तक प्रदेश को इस बीमारी से पूर्णतः मुक्त करने का संकल्प लिया गया है।

केंद्रीय राज्यमंत्री श्री डीडी उइके ने राज्यपाल की सराहना करते हुए कहा कि वे इस बीमारी की वेदना को समझते हुए पूरे प्रदेश में इसके उन्मूलन के लिए कार्य कर रहे हैं, विशेषतः जनजातीय वर्ग के सर्वांगीण विकास की दिशा में।

केंद्रीय राज्यमंत्री सावित्री ठाकुर ने बताया कि प्रधानमंत्री की मंशा के अनुरूप धार जिले में घर-घर जाकर सिकल सेल स्क्रीनिंग का कार्य किया गया है। उन्होंने सभी जनप्रतिनिधियों से समाज सेवा के रूप में इस कार्य में जुटने का आह्वान किया।

राज्यपाल से कार्यक्रम में उपस्थित बच्चों से उनकी स्कूल व हॉस्टल में हुई स्क्रीनिंग के अनुभव साझा किए। बच्चों ने बताया कि अस्पताल से मिलने वाली निशुल्क दवाइयों से उन्हें इस बीमारी में राहत मिली है। कार्यक्रम के दौरान सिकल सेल स्क्रीनिंग एवं क्षय नियंत्रण में उल्लेखनीय योगदान देने वाले लोगों को सम्मानित किया गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘मन की बात’ कार्यक्रम का सामूहिक श्रवण भी अतिथियों और आमजन द्वारा किया गया।

इस अवसर पर धार के कलेक्टर प्रियंक मिश्रा ने स्वागत भाषण दिया और बताया कि जिले में स्कूल, कालेजों और छात्रावासों के अलावा समय समय में लगे स्वास्थ शिविरों के ज़रिए यहाँ के निवासियों की स्क्रीनिंग की गई है। उन्होंने बताया कि 2047 तक सिकल सेल से मुक्ति का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। कार्यक्रम में जागरूकता के लिए एक डॉक्यूमेंट्री भी प्रदर्शित की गई। नोडल अधिकारी रूही ख़ान ने सिकल सेल से संबंधित प्रस्तुति दी जिसमें जनजागरूकता, परीक्षण, काउंसलिंग और प्रबंधन के बारे में जानकारी दी गई। कार्यक्रम में संचालन प्रवीण शर्मा ने किया और आभार नीलेश भारती ने व्यक्त किया।

कार्यक्रम में राज्यसभा सदस्य कविता पाटीदार, जिला पंचायत अध्यक्ष सरदार सिंह मेढ़ा, राघवेंद्र शर्मा, राघवेंद्र गौतम, रंजना बघेल, चंचल पाटीदार और पुलिस अधीक्षक, मनोज कुमार सिंह सहित कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन से हुआ, साथ ही अतिथियों को बाग प्रिंट का पारंपरिक अंगवस्त्र और राजा भोज की प्रतिमा भेंट कर सम्मानित किया गया।