
MP में 55 जिलों में से 17 में अब महिला कलेक्टरों के हाथ जिले के कमान
भोपाल : मध्यप्रदेश में धीरे-धीरे महिला कलेक्टरों की संख्या बढ़ रही है। प्रदेश के पचपन जिलों में से अब सत्रह जिलों की कमान सीधे महिला कलेक्टरों के हाथ में है। वहीं शहडोल में कमिश्नर के पद पर भी सुरभि गुप्ता आयुक्त के रुप में पदस्थ है।
प्रदेश में धीरे-धीरे राज्य सरकार महिला कलेक्टरों की संख्या बढ़ा रही है। प्रदेश में नौ अप्रेल को राज्य सरकार ने 26 आईएएस अधिकारियों के ट्रांसफर किए थे इसमें 2015 बैच की तीन महिला आईएएस अधिकारियों को पहली बार जिले का कलेक्टर बनाया गया है। इनमें मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग की सचिव राखी सहाय को उमरिया, सहकारिता विभाग की उपसचिव शीला दाहिमा को श्योपुर और पीएचई की उपसचिव बिदिशा मुखर्जी को मैहर जिले का कलेक्टर बनाया गया था।
दो महिला आईएस अधिकारियों के जिले बदले गए थे। इनमें भारतीय प्रशासनिक सेवा की 2012 बैच की प्रतिभा पाल को रीवा से सागर ,2014 बैच की आईएएस झाबुआ कलेक्टर नेहा मीना को सिवनी की कमान दी गई है।
तीन महिला आईएएस को कलेक्टरी से वापस भी बुलाया गया था। इनमें 2013 बैच की आईएएस नर्मदापुरम की कलेक्टर सोनिया मीना को अपर सचिव बनाकर मंत्रालय , 2014 बैच की शीतला पटले जो सिवनी कलेक्टर थी उन्हें मध्यप्रदेश लोकसेवा आयोग में सचिव,2014 बैच की रानी बाटड को मैहर कलेक्टर के पद से वापस बुलाते हुए सहकारिता विभाग में उपसचिव बनाया गया था। इसके बाद अब पूरे प्रदेश में सत्रह महिला कलेक्टर जिलों की कमान संभाल रही है। जिन महिलाओं के पास जिलों की कलेक्टरी है|
उनमें खरगौन में भव्या मित्तल, बड़वानी में जयति सिंह, अलीराजपुर में नीतू माथुर, रतलाम में मिशा सिंह, शाजापुर में ऋजु बाफना, आगर मालवा में प्रीति यादव, मंदसौर में अदिति गर्ग,ग्वालियर में रुचिका चौहान, श्योपुर में शीला दाहिमा,मैहर में बिदिशा मुखर्जी,उमरिया में राखी सहाय, सागर में प्रतिभा पाल, पन्ना में उषा परमार, निवाड़ी में जमुना भिड़े,नरसिंहपुर में रजनी सिंह, सिवनी में नेहा मीना, डिंडौरी में अंजू पवन भदौरिया पदस्थ है। सरकार महिला सशक्तिकरण के लिए अब जिलों में अफसरों के पदों पर भी महिलाओं की तैनाती कर रही है।





